ईश्वर की सच्ची भक्ति से मिलता है मोक्ष
{श्रीमद भागवत कथा सप्ताह का चौथा दिन
भास्करसंवाददाता|नेपानगर
ईश्वरकी सच्ची भक्ति से ही जीवों को मोक्ष मिलता है। कई भक्तों ने इसी तरह प्रभु का आशीष पाकर मोक्ष पाया है। अपने अंत समय में रावण के वार से घायल जटायु को भी इसी तरह मोक्ष मिला था। अंधारवाड़ी में चल रहे श्रीमद भागवत कथा सप्ताह के चौथे दिन शुक्रवार को कथावाचक एकनाथ महाराज ने जटायु का यह प्रसंग सुनाया।
उन्होंने कहा सीता हरण के समय गिद्धराज जटायु ने अपने प्राणों की चिंता किए बिना रावण से युद्ध किया। इससे वे बुरी तरह घायल हो गए। भगवान श्रीराम के पहुंचने पर जटायु ने उन्हें सीता के रावण द्वारा हरण किए जाने की जानकारी दी। उन्होंने प्रभु श्री राम से कहा भगवन जीवन भर आपके दर्शनों के लिए व्याकुल रहा। आज माता सीता की रक्षा करते हुए रावण के प्रहार से घायल हुआ हूं। कथा श्रवण के लिए रोजाना कई श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।