जिनकी रिपोर्ट पर ट्रक पकड़े, वे ही छुड़ाने पहुंचे
नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने खरगोन, धार, बड़वानी व अलीराजपुर जिले से नर्मदा नदी के किनारे अवैध रेत खनन करते पकड़े ट्रकों को छोड़ने से इंकार कर दिया है। अवैध खनन करते हुए पंद्रह से ज्यादा ट्रकों को जब्त किया है। इन्हें एनजीटी द्वारा गठित कमिश्नर कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर ही पकड़ा है।
इसी कमेटी के एक एडवोकेट सदस्य ने बड़वानी से जब्त किए आठ ट्रकों के मालिकों की ओर से ट्रकों को छोड़ने का अावेदन किया था। शुक्रवार को एनजीटी ने ट्रकों को छोड़ने से इंकार दिया है।
नर्मदा बचाओ आंदोलन की कार्यकर्ता मेधा पाटकर ने नर्मदा नदी के किनारे रेत के अवैध खनन की शिकायत की थी। इसकी हकीकत पता करने के लिए एनजीटी ने दो सदस्यीय कमिश्नर कमेटी का गठन किया था। इसमें वकील अजय गुप्ता व धर्मवीर शर्मा शामिल थे। इस कमेटी ने रिपोर्ट में माना था कि इन जिलों में अवैध खनन हो रहा है। लेकिन शुक्रवार को अधिवक्ता धर्मवीर शर्मा आठ ट्रक मालिकों की ओर से इमरजेंसी आवेदन कर सभी ट्रकाें को छोड़ने की मांग की।