विजयासन मंदिर में जली 251 अखंड ज्योत
नौं दिनों तक जलने वाली इस 251 अखंड ज्योत में 1 हजार 255 लीटर तेल की खपत होती है। नौं दिनों तक इस अखंड ज्योत की देखभाल, पूजन मंदिर समिति के सदस्य करते हैं। बिजयासन मंदिर में 3 अक्टूबर को सुबह हवन होगा और दोपहर में भंडारा होगा। 4 अक्टूबर को शोभायात्रा के साथ ज्वारे का विसर्जन खेड़ी ताप्ती में होगा।
जलेगा 1 हजार 255 लीटर तेल
बैतूल. गंजके विजयासन मंदिर में मनोकामना पूरी करने के लिए शहर के विभिन्न श्रद्धालुओं द्वारा 251 अखंड ज्योत जलाई गई है। विजयासन मंदिर में चैत्र और शारदीय नवरात्र में साल में दो बार यहां अखंड ज्योत जलाई जाती है। इतनी ही संख्या में यहां ज्वारे भी रखे गए हैं। इसके लिए मंदिर समिति 751 रुपए की रसीद काटती है। जिसकी बुकिंग होती है उसके नाम से ज्योत जलाई जाती है। एक ज्योत में 9 दिन में 5 लीटर तेल की जरूरत पड़ती है।