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बच्चे की मौत, परिजन ने शव रखकर किया हंगामा, डॉक्टर-नर्स पीछे के गेट से भागे

7 वर्ष पहले
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सीएमएचओ बोले- पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद हो पाएगी स्थिति साफ।

भास्करसंवाददाता | भिंड

जिलाअस्पतालमें रविवार की दोपहर डॉक्टर अौर नर्सों की लापरवाही से दो महीने के बच्चे की मौत हो गई। परिजन ने बच्चे का शव जिला अस्पताल के मुख्यद्वार पर रखकर रास्ता रोक दिया। तीन घंटे तक चले हंगामे के दौरान जिला अस्पताल पुलिस छावनी में तब्दील हो गया। जिला अस्पताल प्रशासन ने डॉक्टर जेएस यादव अौर नर्सों को पीछे के गेट से भगा दिया। पुलिस अफसरों की समझाइश के बाद परिजन मृत बच्चे का पीएम कराने को लेकर तैयार हो गए, लेकिन वह डॉक्टर अौर नर्स को बाहर बुलाने को लेकर अड़े रहे।

जिला अस्पताल में मुकेश जाटव अपने दो महीने के बेटे हिमांशु को इलाज कराने के लिए लाए। डॉक्टर अौर नर्स ने हिमांश़ु को जैसे ही सीरप पिलाई तो उसके मुंह से झाग निकलने लगा। परिजन ने आरोप लगाया कि उसके बाद बच्चे के पैरों में डॉक्टर ने इंजेक्शन लगा दिया, जिसके चलते बच्चे की मौत हो गई। मृत बच्चे के बाबा होतम सिंह जाटव ने टीआई जयदेव सिंह यादव से कहा कि वह पहले डॉक्टर अौर नर्स को बुलाए, उसके बाद ही वह बच्चे का शव ले जाएंगे। पुलिस के अफसर दो दर्जन से अधिक जवानों के साथ तैनात हो गए, लेकिन परिजन उसके बाद भी जिला अस्पताल के मुख्यगेट से नहीं हटे।

डॉक्टरने नहीं किया ग्वालियर रैफर

मुकेशसिंह जाटव ने कहा कि उसने डॉक्टर जेएस यादव से कहा कि अगर उसके बेटे की हालत सीरियस है, तो वह बच्चे को रैफर कर दे, लेकिन उन्होंने ग्वालियर के लिए रैफर नहीं किया। बच्चे की मौत डॉक्टर अौर नर्स की वजह से हुई है।

बंदकमरे में टीआई ने की डॉक्टरों से बात

जिलाअस्पताल में हंगामे के दौरान टीआई बंद कमरे में बातचीत करते रहे। डॉक्टरों की बातचीत के बाद टीआई बाहर निकलें, इस दौरान उन्होंने मुख्यगेट से शव हटाने की बात परिजन से कही। तीन घंटे के बाद परिजन ने शव हटाया।

सिविल सर्जन से जानकारी लूंगा

^पीएम रिपोर्ट के बाद दूध का दूध अौर पानी का पानी हो जाएगा। अस्पताल परिसर में हंगामा हुआ है। इस बात की जानकारी सिविल सर्जन से लूंगा। डॉराकेश शर्मा, सीएमएचओ

हड्डी रोग विशेषज्ञ ने किया बच्चे का इलाज

होतमसिंह जिला अस्पताल प्रबंधन पर आरोप लगाते हुए कह रहे थे, डॉ जेएस यादव हड्डी रोग विशेषज्ञ हैं, उन्होंने मेरे नाती हिमांशु का कैसे इलाज कर दिया? हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ जेएस