हर घर में पहुंच रहा है दूषित पानी
हालात: जनता परेशान, नगर पंचायत में क्लोरीन नहीं, गंदा पानी से बीमारी की आशंका
नगरकी पेयजल व्यवस्था चरमरा गई है। पेयजल आपूर्ति लाइन से कीड़े निकल रहे हैं, साथ ही गंदा पानी सप्लाई किया जा रहा है। इससे लोगों में नाराजगी है। सीएमओ ने व्यवस्था में सुधार का आश्वासन दिया है।
नगर में पेयजल की सप्लाई नगर परिषद के माध्यम से होती है। पूर्व के सीएमओ एवं अध्यक्ष के बीच हुई अनबन का खामियाजा अब जनता को भुगतना पड़ रहा है। दरअसल पूरे एक माह से नगर के लोगों को गंदे पानी की सप्लाई हो रही है। गंदे पानी की सप्लाई की शिकायतें अत्याधिक हो जाने के बाद लोगों ने मंगलवार को छतरपुर से पानी के टीडीएस नापने वाले उपकरण मंगाकर सप्लाई किए जा रहे पानी की हार्डनेस की जांच कराई तो यह 600 से अधिक निकला। जबकि विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक 200 हार्डनेस टीडीएस तक का पानी ही पीने लायक होता है। इससे लोगों में नारागजी है। नगर के अखिलेश रिछारिया, केदार गुप्ता, कमलेश तिवारी, बबलू अग्रवाल ने बताया कि पेयजल सप्लाई में पानी कर रंग गंदा होने के साथ इसमे छोटे कीड़े निकल रहे हैं। उन्होंने इस संबंध में नगर पंचायत के जनप्रतिनिधियों को भी सूचित किया है। नगर पंचायत की पेयजल शाखा जिम्मेदारी से काम नहीं कर रही है। पानी की सप्लाई को लेकर नगर पंचायत अध्यक्ष रेवालाल अहिरवार एवं उपाध्यक्ष दीपक खरे का कहना है कि पुराने सीएमओ निरंजन बाबू वाजपेयी ने पेयजल की सफाई के लिए जरूरी क्लोरीन एवं अन्य सामग्री के टेंडर नहीं निकाले। इससे नगर पंचायत के स्टोर में सफाई के लिए जरूरी सामग्री खत्म होने के बाद खरीदी नहीं हुई। अब नए सीएमओ गए हैं। इसलिए शीघ्र लोगों को साफ पानी मिलने लगेगा। वहीं सीएमओ महमूद हसन का कहना है कि वे अभी नए आए हैं। पानी के ट्रीटमेंट के लिए जरूरी सामग्री खरीद कर साफ पेयजल सप्लाई सुनिश्चित की जाएगी।