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सी-आर्म मशीन से हड्‌डी के रोगों का बेहतर होगा इलाज

6 वर्ष पहले
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फेको मशीन से बिना टांका के होंगे मोतियाबिंद के ऑपरेशन

अभी तक ऑपरेशन कराने झांसी ग्वालियर जा रहे थे लोग, 20 हजार रुपए का आता था खर्च

भास्करसंवाददाता| दतिया

जिलेकी स्वास्थ्य सेवाओं में फेको और सी-आर्म मशीन के आने से एक और उपलब्धि जुड़ गई है। मोतियाबिंद से पीड़ित मरीजों के आपरेशन अब फेको मशीन की सहायता से किए जाएंगे। फेको मशीन से आॅपरेशन होने पर तो मरीजों को टांका लगाने की आवश्यकता रहेगी और नहीं आपरेशन के लिए मरीजों को बेहोश करना होगा। इससे नेत्र रोगी बिना किसी घबराहट के मोतियाबिंद का आपरेशन करा सकेंगे। वहीं सी-आर्म मशीन से गंभीर फ्रेक्चर में हड्‌डी को सफलतापूर्वक जोड़ा जा सकता है।

मालूम हो कि जिला अस्पताल में निरंतर स्वास्थ्य सेवाओं में बढ़ोतरी की जा रही है। स्वास्थ्य सेवाओं में विस्तार के बाद जिले के हर आम और खास नागरिक को यहीं पर सभी सुविधाएं मुहैया होंगीं। इसी उपलब्धि के क्रम में 18 लाख रुपए लागत से फेको मशीन को जिला अस्पताल में लाया गया है। जिसके मार्फत मोतियाबिंद के नेत्र रोगियों का इलाज बिना टांका पद्धति से किया जाएगा। फेको मशीन अल्ट्रासोनिक बेस पर काम करती है। इसमें माइक्रो इनसीजन एक्रेटेक्ट सर्जरी के जरिए आंख में लैंस फिट किया जाता है। सबसे अच्छी बात इस पद्धति में यह है कि इसमें मरीज को बेहोश या सुन्न करने की आवश्यकता नहीं पड़ती है।

जल्दचालू होगी फेको मशीन

फेकोमशीन से आॅपरेशन का काम नवीन वित्तीय वर्ष में प्रारंभ किया जाएगा। इसके लिए अस्पताल प्रबंधन द्वारा तैयारियां की जा रही है। साथ नेत्र रोग विशेषज्ञ को प्रशिक्षण के लिए दिल्ली भेजा जाएगा। प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद शीघ्र ही मशीन को शुरू कर दिया जाएगा। मशीन के शुरू होते ही मरीजों को मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए झांसी-ग्वालियर के चक्कर नहीं लगाने होेंगे। यहां बताना जरूरी होगा कि अभी तक फेको मशीन से मोतियाबिंद का ऑपरेशन के लिए मरीजों को झांसी-ग्वालियर जाना पड़ रहा था, जहां उन्हें 10 से 20 हजार रुपए की राशि खर्च करना पड़ती है।

इलाज में होगी सुविधा

^सीआर्म मशीन के उपयोग से मरीज के इलाज में सुविधा होगी। आपरेशन की प्रक्रिया सरल होगी और मरीजों को गंभीर अवस्था में ग्वालियर या झांसी नहीं भागना पड़ेगा। मशीन का कुछ सामान और आना है। इसके बाद यह सुविधा शुरू हो जाएगी। -डाॅ. एनएस पंसारी, हड्‌डी रोग विशेषज्ञ

18 लाख की है फेको मशीन

^18लाख रुपए कीमत की फेको मशीन अस्पताल में चुकी है। अभी कुछ तैयारियां करनी हैं। शीघ्र ही इस मशीन की सुविधा का लाभ मरीजों को प्रदाय किया जाएगा। -डाॅ. आरएस गुप्ता, सीएमएचओ, जिला अस्पताल दतिया

जिला अस्पताल में पैक रखी फेको मशीन।