कुटीर के बदले 15 हजार लेने का आरोप
शासनकी योजना के तहत गरीबों को इंदिरा आवास योजना के तहत मिलने वाली कुटीरों के एवज में पैसे मांगने का आरोप कई लोगों ने लगाया है। उनका कहना है सचिव सुरेश पटेल को जिन्होंने 15 हजार रुपए दिए हैं उनकी कुटीरें मंजूर हो गई हैं बाकी लोग आज भी दफ्तर के चक्कर लगा रहे हैं।
हितग्राही लीलाधर प्रजापति निवासी वराटोला, संतोष अहिरवार निवासी सलैया दुबे, सुहागरानी निवासी डोभी को जो कुटीरें मिली हैं वे आज भी अधूरी पडी हैं और शौचालय तो बने ही नहीं। लोगों का कहना है शासन से प्रति हितग्राही 70 हजार रुपए का अनुदान इस योजना के तहत दिया जाता है लेकिन सचिव 10 से 15 हजार रुपए पहले ही बतौर रिश्वत मांग रहे हैं।
सलैया दुबे निवासी नंदलाल आदिवासी ने बताया कि मेरे पास सचिव को देने के लिए पैसे नहीं थे इसलिए मेरे नाम का प्रस्ताव डलने के बाद भी मुझे कुटीर नहीं मिली। उनका आरोप है उन लोगों की कुटीरें बनाई गई हैं जिनके पास पहले से ही आवास हैं।
इस संबंध में सीईओ राहुल पांडे का कहना है शिकायत मिली है। मैं जांच करा रहा हूं। अगर गलती पाई जाती है तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सचिव सुरेश पटेल का कहना है मैंने आज तक किसी से पैसे नहीं लिए हैं। आरोप निराधार हैं। कुटीर का आवंटन गाइड लाइन के अनुसार ही हो रहा है।