महिला ने बनवाई मस्जिद, इमाम भी महिला
डेनमार्क में पहली बार महिलाएं पढ़ रहीं हैं मस्जिद में नमाज
भास्कर ख़ास
भारत में कई मंदिरों और दरगाहों में महिलाओं के प्रवेश पर रोक है। इसको लेकर महिलाएं काफी समय से आंदोलन भी कर रहीं हैं। वहीं, डेनमार्क में एक महिला की जिद पर पहली बार किसी मस्जिद को महिलाओं के लिए खोला गया है। मस्जिद में सभी इमाम महिलाएं ही होंगी। वे ही नमाज भी अदा करवाएंगी। हालांकि मस्जिद में पुरुष और महिलाएं दोनों एक साथ नमाज पढ़ सकते हैं। मस्जिद की संस्थापक भी महिला हैं।
कोपेनहैगेन स्थित मरियम मस्जिद का निर्माण शेरिन खानकान ने करवाया है। शेरिन काफी समय से मस्जिद में महिलाओं के प्रवेश को लेकर लड़ाई लड़ रही थीं। उन्होंने मस्जिदों में महिलाओं के नमाज अदा नहीं करने और इस्लाम विरोधी बताने को चुनौती दी। शेरिन कहती हैं \\\"हमारे धार्मिक संस्थानों पर पुरुष प्रधान सत्ता चल रही है। मैं इसे चुनौती देना पसंद करती हूं। इस्लाम महिलाओं को इमाम बनने की अनुमति देता है। इसकी आलोचना केवल नकारात्मक मानसिकता वाले लोग ही करते हैं। शहर के मुस्लिम समुदाय के अधिकांश लोगों ने अब सकारात्मक रुख दिखाया है। यह फेमिनिस्ट प्रोजेक्ट का हिस्सा है। मस्जिद में शुक्रवार की नमाज महिला और पुरुष एक साथ अदा कर सकते हैं। पर नमाज महिला इमाम ही कराएंगी।\\\'
शेरिन डेनमार्क की जानी-मानी कमेंटेटर और लेखक भी हैं। वह डेनमार्क में पली-बढ़ी हैं। जबकि उनके पिता सीरियाई और मां फिनिश मूल की हैं। शेरिन ने एक डेनिश अखबार की उस खबर को खारिज किया है, जिसमें कहा गया था कि धमकी की वजह से मस्जिद की लोकेशन को छिपाया जा रहा है। शेरिन का कहना है कि हम महिलाएं मुस्लिम समुदाय के सभी लोगों के साथ मिलकर काम करना चाहती हैं। यह बहुत बड़ी जिम्मेदारी है और हम सभी एक वालंटियर की तरह काम करेंगे। हालांकि इस पहल की शुरूआत में डेनमार्क के बड़े इस्लामिक सेंटरों ने विरोध किया था।
इसका अगुआ डेनिश इस्लामिक सेंटर था, जिसका कतर की कंजरवेटिव सरकार भी समर्थन कर रही थी। सेंटर ने 2014 में कतर की मदद से नाॅर्थ-वेस्ट कोपेनहैगेन में करीब 180 करोड़ रुपए की लागत से सबसे बड़ी मस्जिद का निर्माण करवाया था। अमेरिका, कनाडा, जर्मनी में भी इस तरह की पहल की गई है। भारत में भी 2010 में कोर्ट के आदेश पर कर्नाटक के मंगलौर स्थित नूर मस्जिद में ईद के मौके पर 15 महिलाओं ने नमाज अदा की थी।
मस्जिद की फाउंडर शेरिन खानकान