पूछताछ बाकी, एक दिन और बढ़ी पुलिस रिमांड
सीईओ और नोडल अधिकारी को कोर्ट में किया पेश
जिलासहकारी बैंक की हरदा शाखा में पौने तीन करोड़ रुपए के गबन के मामले में अब पुलिस की पूछताछ सीईओ आरके दुबे और नोडल अधिकारी एमके अहलाद के इर्द-गिर्द घूम रही है। गुरुवार को दोनों निलंबित अधिकारी जिला कोर्ट में पेश किए गए। पुलिस की अर्जी पर तीसरी बार एक दिन का रिमांड और मिल गया है। दोनों आरोपियों को थाने लाकर पुलिस अधिकारी पूछताछ करने में जुटे हुए हैं। गबन से जुड़े दस्तावेज पुलिस जब्त कर चुकी है। अब शुक्रवार को पुलिस एक बार फिर दोनों को कोर्ट लाएगी।
एसपी प्रेमबाबू शर्मा ने भास्कर को बताया कि बैंक में लिमिट से ज्यादा पैसा रखने के पीछे यही अधिकारी जिम्मेदार हैं। कायदे से हर तीन माह में केस लिमिट की जांच होनी चाहिए। लेकिन साल भर से बैंक की लिमिट 65 लाख से ज्यादा पैसा हरदा शाखा में रखा जा रहा था।
यह मामला विगत 22 जनवरी को उस समय उजागर हो गया जब अपर कलेक्टर अचानक जांच के लिए बैंक पहुंच गए। बैंक रिकार्ड के अनुसार 2 करोड़ 79 लाख 82 हजार 163 रुपए का केश लॉकर्स में होना था। पड़ताल करने पर सिर्फ 2 लाख 81 हजार 513 रुपए ही मिले। बैंक में 2 करोड़ 77 लाख 650 रुपए का गबन पाया गया।
रुपए सुपुर्दनामे पर सुनवाई 16 को
बैंकमें करोड़ों का गबन होने का मामला सामने आते ही प्रबंधक और कैशियर लापता हो गए थे। पुलिस का दबाव बढ़ा तो बैंक मैनेजर सुदर्शन जोशी नाटकीय ढंग से चार बोरों में पौने तीन करोड़ रुपए लेकर हरदा थाने में सरेंडर करने गया। यह रुपए जब्त कर थाने के मालखाने में रखे हुए हैं। इसकी सुपुर्दगी के लिए सहकारी बैंक प्रबंधन ने कोर्ट में अर्जी लगा रखी है। इसकी सुनवाई 16 फरवरी को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट एसके शाक्य करेंगे।
पुलिस ने फिर सीईओ आरके दुबे और नोडल अधिकारी को कोर्ट में पेश किया।