- Hindi News
- सिराली में किसानों ने थाने का घेराव किया
सिराली में किसानों ने थाने का घेराव किया
किसानों ने साढ़े सात घंटे किया हाईवे जाम
किसानों को खदेड़ने अतिरिक्त फोर्स बुलाया
यूरियाके लिए परेशान किसानों ने नेशनल हाईवे पर चक्काजाम कर दिया। पुलिस प्रशासन की तमाम कोशिश के बाद भी जब किसान जगह से नहीं हटे तो साढ़े 4 बजे एसडीएम ने धारा 144 की घोषणा कर दी। किसानों को खदेड़ने के लिए पानी की बौछार भी की। इधर किसानों ने जबाव में पत्थर भी फेंके।
जिले के किसान यूरिया के लिए एक माह से परेशान हो रहे हैं। रैक लग रही है लेकिन यूरिया नहीं मिल रही है। इससे गुस्साए किसानों ने गुरुवार को डबल फाटक के पास एनएच पर चक्काजाम कर दिया। वाहनों के सामने किसान लेट गए और हवा निकालने की कोशिश की। किसानों का कहना था कि उन्हें सोसाइटियों के माध्यम से यूरिया का वितरण नहीं किया जा रहा है। यूरिया की कालाबाजारी की जा रही है। इसमें अधिकारियों की भी मिलीभगत है। यूरिया का वितरण हरदा से ही नकद में किया जाए। इधर अधिकारी किसानों को समझाने का प्रयास करते रहे लेकिन किसान मानने को तैयार नहीं थे। किसानों को समझाने गए अधिकारियों के साथ भी किसानों ने झूमाझटकी की कोशिश की। एसडीएम एसएल सोलंकी और तहसीलदार वैद्यनाथ वासनिक की बात कोई भी किसान मानने को तैयार नहीं थे और अड़े रहे। चक्काजाम के दौरान कुछ किसानों ने रेलवे माल गोदाम में भी घुसने की कोशिश की लेकिन आरपीएफ और जीआरपी ने यहां से किसानों को बाहर कर दिया।
हरदा| अपरकलेक्टर ने यूरिया वितरण का आश्वासन दिया।
हरदा| किसानोंके प्रदर्शन के दौरान हाईवे पर जाम लग गया।
हरदा| चक्काजामके दौरान किसान वाहनों के सामने लेटे।
यूरिया की कमी नहीं आने देंगे
दुकान में भी की पत्थरबाजी
इधरचक्काजाम से पहले भी किसान ने राठी की दुकान पर पत्थर बाजी की। खाद नहीं मिलने से परेशान किसानों ने यह कदम उठाया था। किसानों के पत्थर फेंकने से दुकान के कांच भी फूट गए।
किसानों को यूरिया की कमी नहीं आने देंगे। सोसाइटियों के माध्यम से किसानों को यूरिया बांटा जाएगा। काउंटरों की संख्या बढ़ाई जाएगी। तीन दिन में दो रैक यूरिया की रही है। किसानों की समस्याएं है तो वे मोबाइल पर शिकायत कर सकते हैं।
-गणेश शंकर मिश्रा, अपरकलेक्टर
पुलिस ने दर्ज किया मामला
चक्काजामकिए जाने वाले किसानों के खिलाफ पुलिस ने देर रात को केस दर्ज किया है। पुलिस ने बताया कि विनोद भाटी, सुधीर सारन, शिवनारायण वि