सालों बाद मिले, तो याद गए बीते दिन
कॉलेजछोड़ने के सालों बाद शनिवार को सैकड़ों भूतपूर्व छात्र जब नर्मदा कॉलेज में मिले, तो उन्हें बीते हुए दिन याद गए। मौका था भूतपूर्व छात्रों के लिए आयोजित सम्मेलन का। इसमें पांच सौ से अधिक भूतपूर्व छात्र शामिल हुए। जिनके बीच बातचीत का सिलसिला एक-दूसरे के सम्मान से शुरू हुआ। कुछ लोगों ने शेरो-शायरी सुनाकर सबको हंसाया तो कुछ लोग लंबे अरसे के बाद मिलने पर भावुक भी हो गए। सम्मेलन में कुछ भूतपूर्व छात्र अपने साथ पढ़े और कॉलेज में खेले साथी को ढूंढ़ते रहे।
कॉलेज के पहले बैच में प्रवेश लेने वाले पूर्व राजस्व मंत्री मधुकर राव हर्णे ने कहा कि वे पढ़ाई पूरी करने के बाद कई बार कॉलेज आए, लेकिन उन्हें इतनी खुशी नहीं मिली, जितनी इस सम्मेलन में आकर हुई। उन्होंने कहा कि पहले कॉलेज में पारिवारिक माहौल में पढ़ाई होती थी, लेकिन आज दौर बदल गया है। पहले दो दिन काॅलेज से अनुपस्थित रहने पर प्रोफेसर घर पहुंच जाते थे। लेकिन अब ऐसा नहीं होता। कॉलेज से कानून की पढ़ाई करने वाले पूर्व छात्र विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सीतासरण शर्मा ने कहा कि कॉलेज का बहुत विकास हुआ है, एक-दूसरे के सहयोग से और विकास करेंगे। विक्रम विवि उज्जैन के पूर्व कुलपति और एडमिशन एवं फीस रेगुलेटरी कमीशन के अध्यक्ष डॉ. टीआर थापक (संतोष थापक) ने कहा कि उन्हें नर्मदा कालेज से बड़ा स्नेह है, वे हमेशा अपना योगदान देते रहेंगे। रिटायर्ड आईएएस वीके तिवारी भी सम्मेलन में पहुंचे। उनका कहना था कि यदि उस दौर में नर्मदा कॉलेज नहीं होता तो वे जीवन में इतनी उपलब्धियां हासिल नहीं कर पाते। कॉलेज के सबसे वयोवृद्ध पूर्व छात्र शिवकुमार मिश्रा भी अपनी बेटी के साथ सम्मेलन में पहुंचे। उन्होंने कहा कि मुझे पता चला कि पूर्व में पढ़े सभी छात्रों को बुलाया गया है, तो मैं बिना सोचे कॉलेज गया।
होशंगाबाद। नर्मदा कालेज में भूतपूर्व छात्रो का मिलन समारोह किया गया। एक दूसरे से मिले छात्र फोटो भी निकलवाए।