- Hindi News
- स्वाइन फ्लू के संदिग्ध मरीज की सूचना पर दौड़े डॉक्टर
स्वाइन फ्लू के संदिग्ध मरीज की सूचना पर दौड़े डॉक्टर
जांच में निकला अन्य बीमारी से पीड़ित
भास्करसंवाददाता | जावरा
क्षेत्रमें स्वाइन फ्लू के संदिग्ध मरीज की सूचना पर जिला अस्पताल के डॉक्टरों की टीम ताबड़तोड़ जावरा पहुंची लेकिन जांच में वह सामान्य बीमारी से पीड़ित मिला। इस पर स्वास्थ्य अमले ने राहत की सांस ली। इधर सरकारी अस्पताल में स्वाइन फ्लू से निपटने के कोई इंतजाम नहीं हैं। इलाज तो दूर सफाई व्यवस्था तक पर ध्यान नहीं दिया जा रहा।
बुधवार दोपहर सीएमएचओ डॉ. पुष्पेंद्र शर्मा को किसी ने सूचना दी कि जावरा के पास हाटपिपल्या में स्वाइन फ्लू का एक संदिग्ध मरीज है। उन्होंने जिला अस्पताल के एमडी डॉ. जीवन चौहान एवं डीएचओ डॉ. जी. आर. गौड़ को हाटपिपल्या भेजा। वहां जांच में स्वाइन फ्लू की पुष्टि नहीं हुई। सीएमएचओ ने बताया जिस व्यक्ति के बारे में स्वाइन फ्लू की सूचना थी। उसकी जांच में पुष्टि नहीं हुई। सांस संबंधित बीमारी के चलते फ्लू जैसे लक्षण देखने को मिले थे लेकिन स्वाइन फ्लू नहीं है।
टेबलेटजांच किट-विकासखंड केएक मात्र सिविल अस्पताल जावरा में स्वाइन फ्लू की जांच इलाज की व्यवस्था नहीं है। ड्यूटी डॉक्टर अरुण चंदेलकर ने बताया टेमी फ्लू टेबलेट नहीं है। जांच किट भी नहीं है। अस्पताल में एक ही डॉक्टर होने से सामान्य मरीजों के बीच स्वाइन फ्लू के मरीज को देखने का समय भी नहीं मिलता।
दरवाजे पर लिख दिया स्वाइन फ्लू वार्ड, अंदर फैली है गंदगी
अस्पतालके एक कमरे के दरवाजे पर स्वाइन फ्लू एवं डेंगू वार्ड की पर्ची चस्पा कर दी। इसे ही अस्पताल प्रशासन स्वाइन फ्लू से निपटने की व्यवस्था बता रहा है। कमरे के अंदर गंदगी फैली है। फर्श से लेकर सुविधाघर तक साफ नहीं है। कमरे के ऊपर टंकी है। उसका लीकेज पानी कमरे में रिस रहा है। दीवारों से प्लास्टर निकल रहा है। बदबू रही है। यहां मरीज ठीक होने की बजाय और बीमार पड़ सकता है।
^टेमी फ्लू की जिलेभर में कमी है। आगे से उपलब्ध होते ही जावरा भेज देंगे। संदिग्ध मरीज की सूचना पर रतलाम से प्रशिक्षित डॉक्टरों की टीम पहुंचती है। जावरा अस्पताल की सफाई व्यवस्था ठीक करवाएंगे। डॉ.पुष्पेंद्र शर्मा, सीएमएचओ रतलाम