किशोरी का अपहरण 12 साल की सजा
किशोरीको शादी के लिए बहलाकर भगाने वाले एक युवक को न्यायालय ने ज्यादती के आरोप में 12 साल सश्रम कारावास की सजा सुनाई। चार धाराओं में कारावास की सजा सुनाते हुए न्यायालय ने अभियुक्त पर अलग-अलग धाराओं में 6 हजार रुपए जुर्माना भी किया। घटना के दिन किशोरी की उम्र 15 साल थी।
वारदात 13 फरवरी 2014 की है। आरोपी को पुलिस ने 3 अप्रैल 14 को गिरफ्तार किया। एसडीओपी संजीव मूले ने 26 मई को कोर्ट में चालान पेश किया। अपर सत्र न्यायाधीश बी.एस. मलैया ने 6 महीने 16 दिन में सुनवाई कर शुक्रवार को सजा सुनाई। अभियोजन की ओर से पैरवी विशेष लोक अभियोजक नीरज सक्सेना ने की।
यहथा मामला- विशेषलोक अभियोजक ने बताया शादी के लिए किशोरी को बहलाकर 13 फरवरी को आरोपी जाफर पिता यूसुफ शाह नि. कड़ाचूरपुरा जावरा भगा ले गया था। किशोरी के पिता ने 19 फरवरी को औद्योगिक क्षेत्र थाना रतलाम में रिपोर्ट दर्ज कराई। एएसआई रामसिंह खपेड़ ने किशोरी को दस्तयाब कर जाफर को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद से आरोपी जेल में बंद है।