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दिन में खून बहाया, रात में अंगारों पर चले

7 वर्ष पहले
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हुसैनटेकरी शरीफ पर मनाए जा रहे 132वें चेहल्लूम में शुक्रवार को खराब मौसम के बावजूद लाखों जायरीन उमड़े। टेकरी परिसर जायरीनों से खचाखच नजर आया।

चेहल्लूम के 10वें दिन शुक्रवार सुबह 10 बजे हुसैनी मिशन मुंबई ने बड़े रोजे से बनी असअद के काफिले का मंजर पेश करते हुए जुलूस निकाला। ये प्रमुख मार्ग से होकर टाप शरीफ रोजे पर खत्म हुआ। इसमें हुसैनी मिशन प्रमुख यूसुफ मुकादम समेत सैकड़ों महिला-पुरुष शामिल हुए और हुसैन की याद में मातम किया। दोपहर 12 बजे रोजा-ए-मेहंदी कुआं से अंजुमन-ए-हैदरिया अलहिंद हैदराबाद ने जुलूस निकाला। इसमें शामिल हुसैन के दीवानों ने खूनी मातम किया। अंजुमन सदर सैयद फिरोज अली, सेक्रेटरी सैयद सरवर हुसैन, इंतेजामिया कमेटी हुसैन टेकरी के गुलाम हैदर समेत हुसैन के चाहने वाले सैकड़ों जायरीनों ने मातम किया। या हुसैन.. या हुसैन.. की गूंज के बीच बच्चों से लेकर बड़ों ने नुकीली वस्तुओं, जंजीरों से शरीर पर प्रहार कर खून बहाया। जुलूस अब्बास अलमदार रोजे के पास पहुंचा। वहां खूनी मातम के बाद जुलूस का समापन हुआ। इसमें अंजुमन-ए-इंतिहादुल मुस्लिमन कमेटी नीमच के साबिर मसूदी, मुस्तफा भाई उनके साथी भी शामिल हुए।

प्रशासनरहा चौकन्ना-हैदराबादी जायरीनरोजे में जाकर मातम करना चाह रहे थे लेकिन स्थानीय लोगों ने आपत्ति ली। इसको लेकर अधिकारी पुलिस बल के पूरे समय मौजूद रहे। शाम 4 बजे हल्की बूंदाबांदी हुई।

खनिजअधिकारी को दौड़ाया - चेहल्लूममें ड्यूटी करने आए खनिज निरीक्षक जी.एस. परिहार को पुलिसकर्मियों ने दौड़ा दिया। परिहार ने बताया मैं रात 9.30 बजे पानी की बोतल लेकर लौट रहा था तभी बामनखेड़ी रोड पर पुलिसकर्मियों ने रोक लिया। मैंने ड्यूटी पास आईडी कार्ड बताया लेकिन वे नहीं माने और मारने दौड़े। मैं भागा और तहसीलदार अमितासिंह तोमर को बुलाया। एसडीओपी के.के. व्यास ने बताया जांच कर दोषियों पर कार्रवाई करेंेगे।

चूल स्थल के पास बारी का इंतजार करती महिलाएं। इनसेट-चूल से निकलते दूल्हे। }फोटो- भास्कर

पड़ाव स्थल पर रात 11.30 बजे घुसा सांप

पड़ाव स्थल नं. 3 पर रात 11.30 बजे एक सांप घुस गया। इससे 10 मिनट अफरा-तफरी मची रही। आरक्षक नरेंद्रसिंह सिसौदिया ने उसे मार दिया। इससे हादसा होने से टल गया।

ये हैं दूल्हे चले चूल पर

ताहिर हुसैन, मो. अकबर बशीर, मो. शकील मीर, मुख्तार हुसैन, सैयद जुलकरनेन अब्बास, मुर्तज