- Hindi News
- सबलगढ़ में गरीब को मृत घोषित तो जौरा में अपात्रों को बनाया बीपीएल
सबलगढ़ में गरीब को मृत घोषित तो जौरा में अपात्रों को बनाया बीपीएल
मैं जिंदा हूं, लेकिन अधिकारी मृत बता रहे हैं
तथ्य सही पाए जाने पर कराएंगे एफआईआर
^तीनोंगांव में नोटिस देकर जांच कराई जा रही है। प्रारंभिक जांच में कुछ अपात्र लोग बीपीएल सूची में मिले हैं। जांच पूरी होने के बाद शासन को नुकसान पहुंचाने वाले कर्मचारियों के खिलाफ पुलिस में एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। दिनेशचंद सिंघी, एसडीएमजौरा
7 दिन में जांच होने पर कार्रवाई करेंगे
^मामलागंभीर है इसलिए जनपद सीईओ को सात दिन में जांच करने को कहा गया है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे उसके अनुसार दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। एमएलमालवीय, एसडीएमसबलगढ़
सबलगढ़ की ग्राम पंचायत नौरावली खेरोन से अपने जिंदा होने का प्रमाण पत्र लेकर एसडीएम जनसुनवाई में पहुंची कोलिया गांव में रहने वाली बेबा भंवर बाई ने बताया कि 26 अप्रैल 2014 को मैंने अपने परिवार की आईडी जनपद पंचायत कार्यालय से प्राप्त की। इसमें मैंने देखा कि मेरा नाम परिवार के सदस्यों में शामिल नहीं था। जानकारी के बाद पता चला कि जनपद कार्यालय के कर्मचारियों द्वारा मुझे 1 जनवरी 2011 को ही मृत घोषित कर दिया। इसके बाद मेरा नाम बीपीएल सूची से हटा दिया गया। जबकि परिवार की मुखिया होने के साथ-साथ मेरे पास पुराना बीपीएल कार्ड (109)भी है। यह बात जानकारी में आने के बाद बीपीएल सूची में संशोधन कराने मैंने कई बार जनपद कार्यालय के चक्कर लगए, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। प्रभारी एसडीएम एमएल मालवीय ने मामले को गंभीरता से लेते जनपद सीईओ को जांच करने के आदेश दिए हैं।
सबलगढ़ एसडीएम कार्यालय का सांकेतिक फोटो।
79 अपात्र लोग बीपीएल सूची में शामिल
जौराजनपद क्षेत्र की ग्राम पंचायत कीरतपुर सहित उसमें शामिल गांव शहदपुर रमले का पुरा में 41 अपात्र लोगों को बीपीएल सूची में शामिल किया गया है। शहदपुर गांव निवासी राजेंद्र शर्मा की शिकायत पर की गई प्रारंभिक जांच में कुछ ऐसे अपात्र लोगों के नाम भी प्रकाश आए हैं जिनके पास जमीन जायदाद उपलब्ध होते हुए भी उन्होंने अपने नाम बीपीएल सूची में दर्ज करवा लिए। इस संबंध मे पटवारी स्मृति की भूमिका संदिग्ध बताई जा रही है। बताया गया है पटवारी को अपना पक्ष रखने के लिए मंगलवार को एसडीएम द्वारा बुलवाया गया था, लेकिन वे कार्यालय नहीं पहुंची। मामले की जांच करने पंचायत सचिव को भी भौतिक सत्यापन करने उक्त गांव में भेजा गया है। बताया ज