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करोड़ों की योजनाअों से बुझेगी गांवों की प्यास

7 वर्ष पहले
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सालोंसे पेयजल समस्या झेल रहे गांवों को राहत मिलेगी। करोड़ों की जल आवर्द्धन योजनाओं को प्रदेश शासन से मंजूरी मिल गई है। जल्द शिलान्यास कर निर्माण शुरू किया जाएगा।

पेयजल समस्या हल करने के लिए पीएचई विभाग ने करोडाें की योजनाओं के प्रस्ताव प्रदेश शासन को भेजे थे। शासन ने प्रस्तावों को मंजूरी दे दी और जल्द गांवों की पेयजल समस्या का हल किया जाएगा। पीएचई कार्यालय के अनुसार देंथल, कुंडला और दरगपुरा में पानी की बड़ी समस्या है। विभाग ने पहले चरण में तीन गांवों के लिए प्रस्ताव भेजे थे। देंथल के लिए 38 लाख 58 हजार, कुंडला के लिए 60 लाख और दुरगपुरा के लिए 23 लाख रुपए की जल योजनाओं के प्रस्ताव भेजे थे। शासन ने प्रस्तावों को मंजूरी दे दी। विभाग ने छह गांवों के लिए नवीन जल प्रदाय योजना के प्रस्ताव बनाए। चचौर के लिए 90 लाख, बरलाई के लिए 61 लाख, खेड़ी के लिए 21 लाख 62 हजार, सुबासरा बुजुर्ग के लिए 24 लाख रुपए, पंचदेवरा बंजारीखुर्द के लिए 15 लाख और अल्हेड़ के लिए 4 लाख 2 हजार रुपए की लागत वाली योजना के प्रस्ताव भेजे। प्रदेश शासन ने छह गांवों की नवीन जल प्रदाय योजनाओं काे स्वीकृति प्रदान कर दी। क्षेत्र के नौ गांवों में 3 करोड़ 37 लाख 22 हजार रुपए से पेयजल योजनाओं का काम कराया जाएगा। पेयजल कूप, पाइप लाइन और पेयजल टंकी का निर्माण किया जाएगा। जहां कूप है वहां टंकी और जहां टंकी है वहां पर पाइप लाइन डाली जाएगी। गांवों में आवश्यकता अनुसार प्रस्ताव बनाए थे। शासन ने राशि स्वीकृत की है।

^प्रदेश शासन से क्षेत्र के नौ गांवों के लिए करोडाें की राशि जारी की है। तीन गांवों के लिए पहले और छह गांवों के लिए अब राशि स्वीकृति हुई है। जल्द शिलान्यास कराया जाएगा और लोगों को पेयजल सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। मनोहरपाटीदार, एसडीओ,मनासा

जल्द मिलेगा पानी

जल्द शिलान्यास

पीएचई विभाग ने मालाहेड़ा और पिपल्याघोटा में मुख्यमंत्री जल आवर्द्धन योजना का कार्य शुरू किया था। पेयजल कूप, टंकी निर्माण के साथ पाइप लाइन डालकर पेयजल वितरण व्यवस्था करनी थी। दोनों गांवों में काम अंतिम चरण में है। जल्द ग्रामीणों को पेयजल वितरण होने लगेगा। लंबे समय से गांवों में शुद्ध पेयजल की परेशानी थी। गंदे पानी के कारण लोगों में रोग फैल रहे थे। शुद्ध पेयजल से लोगों को सुविधा मिलेगी। रोगों से बचाव हो सकेगा।