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प्रसूति सहायता का चेक देने के लिए रु. मांगने वाले निलंबित
सीएमएचओ ने विधायक के हस्तक्षेप पर दो के खिलाफ की कार्रवाई
सिटीरिपोर्टर | मंदसौर
प्रसूतिसहायता योजना के चेक के बदले 500 रुपए मांगने वाले जिला अस्पताल के दो कर्मचारियों को सीएमएचओ ने निलंबित कर दिया है। मामले में पीड़ित ने विधायक यशपालसिंह सिसौदिया से शिकायत की थी। उन्होंने कलेक्टर संजीवसिंह को घटनाक्रम से अवगत कराया।
नारायणगढ़ निवासी मजदूर राधेश्याम पिता फकीरचंद की प|ी की डिलेवरी जिला अस्पताल में हुई। वह बुधवार को जिला अस्पताल गया और मुख्यमंत्री सहायता योजना में हितग्राही सहायता राशि 3 हजार रुपए का चेक मांगा। काउंटर पर मौजूद अस्पताल के कर्मचारियों सहायक ग्रेड-3 नवीन बंदेवार सहायक ग्रेड-3 महेंद्र चौहान ने चेक के बदले राधेश्याम से 500 रुपए की डिमांड की। राधेश्याम के पास 100 रुपए ही थे। दोनों कर्मचारियों ने 400 रुपए और लाने को कहा चेक देने से इनकार कर दिया। राधेश्याम यहां से अस्पताल के समीप विधायक यशपालसिंह सिसाैदिया के निवास पहुंचा और उन्हें चेक के बदले रुपए मांगने की जानकारी दी। विधायक सिसौदिया ने कलेक्टर संजीवसिंह के बाद सीएमएचओ डॉ. प्रदीप शर्मा को मामले के बारे में बताया। जिस पर सीएमएचओ डॉ. शर्मा ने तुरंत एक्शन लेते हुए दोनों कर्मचारियों नवीन बंदेवार महेंद्र चौहान काे निलंबित कर दिया। विधायक सिसौदिया ने बताया अस्पताल के दो कर्मचारी गरीब मजदूर राधेश्याम से पैसों की मांग कर रहे थे। मेरे घर आकर परेशानी बताई। मैंने मामले की गंभीरता से कलेक्टर सीएमएचओ को अवगत कराया। जिस पर कार्रवाई हुई। सीएमएचओ डॉ. शर्मा ने बताया विधायक ने शिकायत की थी। उस आधार पर कार्रवाई की थी।
यहां भी नहीं मिल पा रहा योजना का लाभ
नसबंदीप्रमाण पत्र के अभाव में शासन की योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा। गुर्जर बर्डिया निवासी कीर्ति पति शैलेंद्र माहेश्वरी ने बताया शासन की योजना अनुसार दो बेटियों पर मिलने वाले लाभ से वंचित हूं। लाड़ली लक्ष्मी योजना में नसबंदी प्रमाण पत्र मांगने पर दूसरी बेटी की लाड़ली लक्ष्मी योजना से वंचित हैं। नसबंदी प्रमाण पत्र के लिए 6 माह से चक्कर लगा रहा हूं। सीएमएचओ डॉ. शर्मा ने कहां रिकॉर्ड देखकर मामले में उचित कदम उठाएंगे। कीर्ति ने बताया नसबंदी प्रमाण पत्र के लिए कार्यालय जाते हैं तो महेंद्र चौहान वहां नहीं मिलते। इस कारण शासकीय योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा।