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सीतामऊ फाटक के लिए ओवरब्रिज की प्लानिंग कर रही नगरपालिका
सिटीरिपोर्टर | मंदसौर
सीतामऊरेलवे फाटक से रोजा गुजरने वाले 20 हजार लोगों के लिए राहत भरी खबर है कि नगरपालिका ने ओवरब्रिज की योजना पर काम शुरू कर दिया है। शासन एवं रेलवे नपा प्रस्ताव भेज चुका है। सहमति भरे रुख के बाद नपा रेलवे ओवरब्रिज की प्लानिंग रेल विभाग से मांगी है।
सीतामऊ रेलवे फाटक पर बढ़ते यातायात दबाव को लेकर नगरपालिका द्वारा रेलवे ओवरब्रिज के लिए एक साल पूर्व प्रस्ताव तैयार किया था। विभिन्न स्तर पर प्रोजेक्ट पर स्थानीय सहमति के बाद ओवरब्रिज निर्माण के लिए शासन और रेलवे से योजना पर अनुशंसा मांगी। शासन स्तर पर मामला भले अभी तक विचारार्थ हो लेकिन रेलवे का सकारात्मक रुख सामने आया है। रेलवे ने नगरपालिका को यह पत्र भेजा है इसमें कहा कि रेलवे नियमों में स्थानीय जरूरत के मुताबिक ब्रिज निर्माण हो सकता है लेकिन उसके लिए शासन को अपने स्तर पर राज्यांश मिलाना पड़ेगा। पीआरओ जितेंद्र कुमार जयंत ने बताया रेलवे नियमों के मुताबिक ओवरब्रिज प्लान को मंजूरी दे सकती है। सीतामऊ रेलवे फाटक को लेकर चल रहे पत्र व्यवहार में इसी नियम में प्लान आगे बढ़ेगा। रेलवे नियमों के मुताबिक शासनस्तर पर खर्च वहन करना पड़ेगा। शासन अगर इसमें राज्यांश मिलाए तो रेलवे नगरपालिका के प्लान को आगे बढ़ा सकता है।
यह होती है आवाजाही
>कोटा, रावतभाटा, झालावाड़ के लिए सीधा रास्ता होने से वाहनों का दबाव।
> मंदसौर-भानपुरा उससे जुड़े मार्गों के लिए रोज 80 से 100 बसों की आवाजाही।
> उद्यानिकी महाविद्यालय में 500 से ज्यादा विद्यार्थी एवं 50 से अधिक का स्टाफ
> बंजारी बालाजी, कृषि काॅलोनी, बादरी, चांगली सहित 20 से अधिक गांवों में-जाने का रास्ता।
> रेलवे फाटक से रोजाना गुजरने वालों की संख्या करीब 20 हजार।
यह है स्थिति
>सीतामऊ रेलवे क्रॉसिंग से रोज गुजरने वाली पैसेंजर ट्रेनों की संख्या 15 है। इसके अलावा मालगाड़ियां।
> औसतन हर आधे घंटे में बंद होता है रेलवे फाटक 15 से 20 मिनट।
> सीतामऊ की ओर जाने वाले यात्री वाहन करीब 40
> भारवाहन और अन्य निजी वाहन करीब 200
> फाटक से गुजरने वाले दुपहिया वाहन चालकों की संख्या करीब 5 से 6 हजार
रेलवे का रुख सकारात्मक
प्रोजेक्टप्रभारी और उपयंत्री राजेश उपाध्याय ने बताया सीतामऊ ओवरब्रिज निर्माण को लेकर शासनस्तर पर योजना भेजने के बाद रेलवे से योजना को लेकर प्