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नहरों का लाइनिंग वर्क अधूरा, कोटा से पानी छोड़ते ही बढ़ेंगे सीपेज, टूटेगी नहर
अफसरों ने कहा-दुर्गापूजा दीपावली के लिए घर लौट गई है लेबर, इसलिए धीमा हुआ काम।
भास्करसंवाददाता|मुरैना
चंबलनहर सहित उसकी ब्रांच कैनाल के लाइनिंग वर्क अभी तक पूरे होने के कारण इस वर्ष भी सीपेज बढ़ने नहर टूटने का खतरा बना रहेगा। अगर ऐसा हुआ तो रबी सीजन में किसानों की परेशानी बढ़ सकती है।
कोटा से सबलगढ़ तक आई चंबल राइट मैन कैनाल में 93 किमी. से 169 किमी. तक लाइनिंग वर्क का काम चल रहा है। नई दिल्ली की सोमदत्त कंस्ट्रक्शन कंपनी इस काम को 63.94 करोड़ रुपए की लागत से करा रही है लेकिन 28 सितंबर की स्थिति में 20 फीसदी लाइनिंग वर्क पूरा नहीं हो पाया है जबकि 10 अक्टूबर को कोटा बैराज से चंबल राइट मैन कैनाल में 2000 क्यूसेक पानी छोड़ा जाएगा। इस हाल में नहर में जहां लाइनिंग वर्क नहीं होगा वहां पानी के सीपेज बढ़ेंगे और पिछले साल की तरह नहर टूटने का खतरा बना रहेगा।
अंबाहब्रांच कैनाल में 22 फीसदी काम अधूरा : हैदराबादकी मेसर्स एसईडब्ल्यू कंस्ट्रक्शन कंपनी अंबाह ब्रांच कैनाल में 86.71 करोड़ रुपए की लागत से सबलगढ़ के सुनहरा हैड से लेकर अंबाह तक 145 किमी. की लंबाई में लाइनिंग वर्क करा रही है। 19 दिसंबर 2007 को इस कंपनी को वर्क अवार्ड होने के सात साल बाद तक नहर का लाइनिंग वर्क कंपलीट नहीं हो सका है। बावजूद इसके जल संसाधन विभाग के अफसर प्रभारी मंत्री लाल सिंह आर्य को रिपोर्ट कर रहे हैं कि कार्य प्रगति पर है।
एमबीसीकी वितरिकाएं कच्ची : मुरैनाब्रांच कैनाल में 36 किमी. की लंबाई तक नहर का जीर्णोद्धार किया जाना है। जल संसाधन विभाग ने पांच जनवरी 2008 को भोपाल की एसके जैन कंस्ट्रक्शन कंपनी से लाइनिंग वर्क का अनुबंध किया था लेकिन छह साल बाद भी नहर की लाइनिंग वर्क वितरिकाओं की जीर्णोद्धार कार्य पूरा नहीं हो सका है। इस हाल में 15 अक्टूबर के बाद नहर का पानी खेतों तक कैसे पहुंचाया जा सकेगा।
घर लौट गई है लेबर
^नहरोंपर काम कर रही ठेकेदारों की लेबर साउथ वेस्ट बंगाल चली गई है। लेबर के वापस आने पर लाइनिंग वर्क शुरू होगा। इस बार कोटा से 10 अक्टूबर को राइट मैन कैनाल में पानी छोड़ा जाएगा।\\\'\\\' आरपीझा, कार्यपालनयंत्री जल संसाधन विभाग
3.15 लाख हेक्टेयर में की जाएगी सिंचाई
नहरके पानी से इस वर्ष चंबल संभाग के मुरैना, भिंड श्योपुर जिले के 3.15 लाख हेक्टेयर कृषि क्षेत्र में सिंचाई की जाएगी। जिस