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शीतलहर चलने से सर्दी बढ़ी, न्यूनतम पारा 10 पर स्थिर
{अस्पतालों में बढ़ी मरीजों की संख्या
भास्करसंवाददाता|मुरैना
दोदिन की बारिश के बाद तीसरे दिन रविवार को जिले में शीतलहर का प्रकोप शुरू हो गया। चार दिन पहले जो पारा 28 डिग्री सेल्सियस पर था, वह उतरकर मात्र 15 पर चला गया। रविवार को इसमें दो डिग्री की बढ़ोत्तरी दर्ज की गई, लेकिन न्यूनतम पारा 10 डिग्री सेल्सियस पर स्थिर रहने और शीतलहर तेज होने से लोगों को ठंड ने कंपकंपा दिया। लोग ठंड से बचने के उपाय करने में जुटे हैं। साथ ही शीतलहर का असर बाजारों पर भी नजर रहा है। जिले के अस्पतालों में भी बीमार लगातार पहुंच रहे हैं। सरकारी अस्पतालों के अलावा प्राइवेट नर्सिंग होम क्लीनिकों पर बीमारों की संख्या ज्यादा देखी जा रही है।
तापमान की स्थिति
दिनांकअधिकतम न्यूनतम
11 दिसंबर 28 11
12 दिसंबर 16 09
13 दिसंबर 15 10
14 दिसंबर 17 10
ओपीडीकी स्थिति
दिनांक पुरुष महिला कुल
11दिसंबर 413 513 926
12 दिसंबर 392 442 834
13 दिसंबर 292 295 587
14 दिसंबर 31 53 84
मुरैना। रविवार को सर्द हवाओं से बचने गर्म कपडे़ पहनकर जातीं महिला युवती।
आज भी ऐसा ही रहेगा मौसम
^मौसम फिलहाल जिस तरह का चल रहा है, एक-दो दिन इसी प्रकार का रहेगा। आज बारिश तो नहीं हुई, लेकिन धूप भी अच्छी नहीं खिली। जो पानी दो दिन बरसा है, उससे फसलों को फायदा है। साथ ही इस प्रकार का मौसम फसलों को बढ़वार देगा।\\\'\\\' डा.एसएसतोमर, एसोसिएटडायरेक्टर आंचलिक कृषि अनुसंधान केंद्र
सर्दी में एहतियात बरतें हृदय रोगी
^यह मौसम बच्चों के लिए बहुत संवेदनशील है। क्योंकि सर्दी की चपेट में आने पर बच्चे को फीवर के साथ श्वांस की परेशानी पैदा हो जाती है। फेंफड़े नाजुक होने से बच्चों को ठंड से बचाना अत्यधिक आवश्यक है। ऐसे में बच्चों को दस्त भी लग सकते हैं। इसलिए उन्हें गरम वातावरण में रखें।\\\'\\\' डा.विनोदबांदिल, शिशुएवं बाल रोग विशेषज्ञ मुरैना
अस्पतालों में बढ़ी मरीजों की संख्या
शीतलहरके प्रकोप के कारण जिला अस्पताल में रविवार को अवकाश के बावजूद मरीज ज्यादा रहे थे। इससे अधिक मरीज प्राइवेट क्लीनिकों पर जा रहे थे, क्योंकि सभी को पता है कि रविवार को अस्पताल में इमरजेंसी को छोड़कर बाकी डाक्टर्स नहीं मिलते।
{ 13 दिसंबर को सुबह से ही बारिश होने के कारण मरीज अस्पताल नहीं सके, इसलिए ओपीडी में संख्या कम रही।
{ 12 दिसंबर को म