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नाव वाले भैया, जल्दी आओ...स्कूल जाने में देर हो जाएगी

7 वर्ष पहले
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^डोबजलाशय का पानी मार्ग पर जमा होने से ग्रामीणों को आवाजाही में परेशानी हो रही है। मार्ग पर पुल का निर्माण किया जाएगा। पुल निर्माण के लिए तकनीकी स्वीकृति मिलना शेष है। स्वीकृति मिलते ही जल्द पुल का निर्माण कर लिया जाएगा। संभवत: अगले साल ग्रामीणों को समस्या से निजात मिल जाएगी।^ सीएलमरकाम, एसडीओ,जल संसाधन विभाग मुलताई

यह है समस्या

डोबमें दो साल पहले 3 करोड़ 81 लाख रुपए की लागत से जलाशय का निर्माण हुआ है। जलाशय में पानी संग्रहित होने से डोब और नंदबोई मार्ग पानी में डूब जाता है। मार्ग पर 7 से 8 फीट पानी भरा रहता है। इस मार्ग से डोब और नंदबाेई के ग्रामीण मुख्य सड़क तक और बच्चे स्कूल तक पहुंचते हैं। अन्य कोई मार्ग नहीं होने से ग्रामीणों ने ड्रम की नाव बनाई है। जिसका उपयोग कर ग्रामीणों को रास्ता पार करना पड़ता है।

डोब के आंगनबाड़ी केंद्र तक पहुंचने के लिए ड्रम की नाव ही सहारा है। माताएं अपने बच्चों को आंगनबाड़ी भेजना नहीं चाहती है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुकला देशमुख और सहायिका सुबत हिंगवे ने बताया कि जब उन्होंने बच्चों को सुरक्षित नाव से लाने और ले जाने की जिम्मेदारी ली इसके बाद माताओं ने अपने बच्चों को भेजना शुरू किया। श्रीमती देशमुख ने बताया कि दस बच्चों को वह रोजाना अपने साथ नाव में बैठाकर लाती है।

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की है जिम्मेदारी

मुलताई. ड्रम की नाव मे बैठकर स्कूल जाते डोब गांव के बच्चे।

चंद्रकिशोर देशमुख|मुलताई

स्थान: ब्लॉकका डोब गांव। दिन:शुक्रवार।समय:सुबह10 बजे। करीब 200 मीटर रास्ते में 8 फीट तक पानी भरा हुआ है। एक छोर से आवाज आई, नाव वाले भैया, जल्दी आओ, स्कूल जाने में देर हो जाएगी। उस ओर देखा तो 8-10 छोटे-छोटे बच्चे स्कूल का बस्ता हाथ में लिए नाव वाले का इंतजार कर रहे थे। बच्चे रोज करीब आधे घंटे तक स्कूल जाने के लिए इस तरह नाव का इंतजार करते हैं। रोजाना 50 से अिधक बच्चे नाव से दूसरी ओर डोब प्राथमिक स्कूल बरखेड़ के हाईस्कूल पढ़ने जाते है।

दूसरे छोर से ड्रम को जोड़कर बनाई गई नाव लेकर महादेव देशमुख बच्चों के पास पहुंचे और बच्चों को बैठाकर इस ओर लाकर छोड़ दिया। बच्चों ने नाव वाले भैया को धन्यवाद दिया और छुट्टी के समय भी यहीं मिलने का कहकर स्कूल की ओर चले गए। महादेव यह काम निशुल्क करते हैं। बच्चों के माता-पिता भी अपने बच्चों का भविष्य संवारने के लिए इस तर