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कृषि अधिकारियों की निगरानी में बिकी यूरिया खाद
वैष्णवकृषि सेवा केंद्र के संचालक ने कृषि विभाग को सूचना दिए बगैर किसानों को खाद बेच दी थी। वैष्णव कृषि सेवा केंद्र से खड़आमला के छह किसानों ने 75 बोरी यूरिया खाद खरीदकर ले गया था। किसानों निर्धारित मूल्य से अधिक दामों पर खाद तो नहीं बेचा गया इसकी जांच करने गुरुवार को कृषि विभाग की टीम खड़आमला पहुंची। कृषि विभाग की प्रभारी एसएडीओ सुनीता मवासे ने बताया कि खड़आमला के आशाराम हिरालाल ने 5 बोरी, विजय फागू ने 10 बोरी, मनीराम ने 15 बोरी, रामेश्वर हारोड़े ने 25 बोरी, गोलू नत्थू ने 10 बोरी और सुरेश ने 10 बोरी यूरिया खाद वैष्णव कृषि सेवा केंद्र से खरीदा है। सभी किसानों ने बताया कि 287 रुपए की दर से खाद खरीदा है। किसानों के बयान लेकर पंचनामा बनाया गया है।
नगर संवाददाता|मुलताई
नगरके नागपुर रोड पर स्थित माही कृषि सेवा केंद्र से गुरुवार को कृषि विभाग के अधिकारियों की निगरानी में किसानों को यूरिया खाद दिया गया। खाद लेने आए किसानों को दो-दो बोरी यूरिया दिया गया। अधिकारियों ने खड़े रहकर कुल केंद्र में रखा कुल 63 बोरी खाद बिकवाई। यूरिया खाद की कमी से बाजार में खाद की कालाबाजारी शुरू हो गई थी। यूरिया की एक बोरी ब्लैक में 400 से लेकर 500 रुपए तक बेची जा रही थी। इसके बाद भी किसानों को पर्याप्त मात्रा में खाद नहीं मिल रहा था। जिससे किसान परेशान हो रहे है। कृषि विभाग ने भी खाद की कालाबाजारी रोकने के लिए डीलरों को खाद की रैक लगने पर इसकी सूचना पहले विभाग को देने के लिए पत्र लिखा था। इसके बाद भी डीलरों ने कृषि विभाग को यूरिया की रैक आने की सूचना नहीं दी और खाद बेचना शुरू कर दिया था। बुधवार को जब कृषि विभाग के अधिकारियों ने डीलरों के गोदामों पर जांच की तो इस बात का खुलासा हुआ। गुरुवार को कृषि विभाग के सहायक संचालक सुरेंद्र पराते, उपसंचालक यूएस राठौर, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी पीके अडुलकर सहित अन्य कर्मचारी माही कृषि सेवा केंद्र पहुंचे। अधिकारियों की उपस्थिति में किसानों को 287 रुपए में एक बोरी खाद मिला। एसडीओ श्री वानखेड़े ने बताया कि नगर के यूरिया खाद के डीलर वैष्णव कृषि सेवा केंद्र के संचालक के पास 1100 बोरी यूरिया खाद आया था। वैष्णव कृषि सेवा केंद्र के संचालक ने 300 बोरी माही कृषि सेवा केंद्र को बेची थी।