छात्रावास के आसपास नहीं होती सफाई
मौसमी बीमारियों से कर्मचारी भयभीत
नसरुल्लागंज | नसरुल्लागंजथाने के कर्मचारी पिछले चार महीने से भय के साए में अपना जीवन यापन कर रहे है। थाना परिसर के चारों ओर गंदगी फैली हुई है, जिससे परिसर में मच्छरों की संख्या में वृद्धि होती जा रही है। थाने में पदस्थ कर्मचारियों के यहां कोई कोई बॉयरल फीवर से परेशान हैं। सफाई व्यवस्था के नाम पर नगर पंचायत द्वारा आज तक थाना परिसर की सफाई नहीं की जा सकी है। जबकि थाना प्रभारी सीएम द्विवेदी द्वारा अनेकों बार नगर पंचायत के सीएमओ से सफाई व्यवस्था हेतु पत्राचार किया जा चुका है।
यह गंदगी प्रमुख रुप से होटलों से निकले गंदे पानी निस्तार के पानी से फैल रही हैं। मच्छरों पर काबू पाने के लिए नगर पंचायत तो फागिंग मशीन का प्रयोग कर रही है और ही गंदगी को साफ कर रही हैं। इसका खामियाजा पूरे थाने के कर्मचारियों छोटे बच्चों को उठाना पड़ रहा है।
जावर. थाना परिसर में चारों ओर गंदगी फैली हुई है।
{छात्रावास भवन के आसपास भी गंदा पानी, बच्चों को होती है परेशानी
निजसंवाददाता | नसरुल्लागंज
नगरके शासकीय महाविद्यालय के सामने बने अनुसूचित जाति के उत्कृष्ठ छात्रावास में निवासरत बच्चों को कई परेशानियों से जूझना पड़ रहा है। छात्रावास में नसरुल्लागंज तहसील के अलावा रेहटी हरदा जिले के बच्चे रह रहे हैं। यहां पर नगर पंचायत के कर्मचारियों द्वारा नियमित रुप से साफ-सफाई के लिए किसी स्वीपर की व्यवस्था नहीं होने से बच्चों को छात्रावास के आसपास की सफाई करना पड़ती है।
इस छात्रावास में कक्षा सातवीं से लेकर बारहवीं के विद्यार्थी निवासरत हैं, जिन्हें विभाग द्वारा पर्याप्त मात्रा में सुविधा मुहैया नहीं कराई जा रही है। जब छात्रावास का निरीक्षण किया गया तो बच्चों ने अपनी जुबानी अनेक समस्याएं बताईं।
अनुसूचित जाति के छात्रावास में 50 विद्यार्थी निवासरत हैं, जिसमें से लगभग चार विद्यार्थियों को वॉयरल फीवर, हाथ पैरों में दर्द, आंखों में जलन मलेरिया की शिकायत है। छात्रावास के सामने नाली निर्माण कार्य नहीं होने से यहां बड़ी मात्रा में मच्छर पनप रहे हैं, जो छात्रावास के विद्यार्थियों को बीमार करते चले रहे हैं। विद्यार्थियों ने बताया कि तो हमारा मेडिकल परीक्षण होता है और ही सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की जाती है।
प्रांगणमें नहीं रोशनी के इंतजाम
कक्षाबारहवीं गणित संकाय