परिचर्चा तो कहीं हुईं स्पर्धाएं
कॉलेजोंमें बुधवार को राष्ट्रीय सेवा योजना ईकाई ने रासेयो दिवस मनाया। परिचर्चा तो कहीं विभिन्न प्रतियोगिता कार्यक्रम हुए। रासेयो के महत्व उससे जुड़ी गतिविधियों पर विस्तार से प्रकाश डाला।
शहर के अग्रणी शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में सुबह 11 बजे हिंदी में सुलेख एवं भाव पल्लवन प्रतियोगिता हुई। हिंदी सुलेख में विद्यार्थियों ने जीवन को प्रेरित करने वाली रोचक कहानी लिखी। प्रथम अनुपमा अहीर द्वितीय विमल रावत रहे। भाव पल्लवन में विद्यार्थियों ने रासेयो में आने वाले परिवर्तन विषय पर बात रखी। प्रथम नारायण प्रजापत द्वितीय प्रहलाद भट्ट रहे। प्रतियोगिता के बाद डा. अनुराग ने संबोधित करते हुए कहा रासेयो के माध्यम से गांधीजी एवं आंबेडकर तो नहीं बन सकते परंतु अपने घर के आसपास साफ-सफाई कर ही सकते हैं। डॉ. . मनीष चौधरी, डॉ.. सुधीर तिवारी, डॉ.. राजेश पाठक ने छात्रों को रासेयो के महत्व के संबंध पर विचार बताए। प्रो. डॉ.. रमेश चौैहान, मोहनलाल, भावना, प्रेम सोलंकी, किशन, रामस्वरूप, मंगलेश पाटीदार, मुकेश मेघवाल आदि मौजूद थे।
ज्ञानमंदिर कॉलेज में गूंजे देशभक्ति गीत
ज्ञानमंदिरविधि महाविद्यालय में रासेयो दिवस के उपलक्ष्य में देशभक्ति समूह प्रतियोगिता हुई। रासेयो प्रभारी भरत उपाध्याय ने बताया कार्यक्रम में श्वेता मंडोवरा ने रासेयो परिचय उद्देश्य पर प्रकाश डाला। प्राचार्य विवेक नागर ने विद्यार्थियों को रासेयो गतिविधि में भाग लेने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में देशभक्ति समूह गान छात्रा शबनम, सपना कुंवर, श्वेता मंडोवरा, दिव्या जैन ने प्रस्तुत किया। एकल गायन में राजकुमार प्रजापति निर्मल राठौड़ ने गीत की प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में प्रो. रजनीश शर्मा, ओमप्रकाश चौधरी, अरविंद गुप्ता आदि मौजूद थे। संचालन अर्पिता संघवी ने किया।
परिचर्चा में रखे विचार
ज्ञानोदयकॉलेज कनावटी में रासेयो दिवस पर कार्यक्रम हुआ। राष्ट्रीय सेवा योजना एवं व्यक्तित्व निर्माण पर परिचर्चा हुई। 12 विद्यार्थियों ने विचार रखे। तत्पश्चात मुख्य वक्ताओं ने विषय पर बात रखी। संस्था निर्देशिका गरिमा चौरसिया ने कहा व्यक्तित्व विकसित नहीं होगा तो सेवा की भावना नहीं आएगी। उन्होंने सेवा गतिविधियों से जोड़ने का आव्हान किया। महाविद्यालय में सेवा गतिविधियां संचालित करने की योजना बनाई। प्राचार्य एमएल पाटीदार, प्राचार्य सुरेंद्र शक्