सॉफ्टवेयर तय करेगा ड्यूटी
10वींऔर 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं मार्च में शुरू होंगी। इन परीक्षाओं में शिक्षकों की ड्यूटी सॉफ्टवेयर की मदद से लगाई जाएगी। इसके तहत बोर्ड परीक्षा में तैनात शिक्षकों को एक दिन पहले ही पता चलेगा कि उनकी ड्यूटी किस केंद्र पर लगाई है। इस तरह ड्यूटी लगाने का उद्देश्य बोर्ड परीक्षाओं में सख्ती से नकल रोकना है।
जिले में 10वीं एवं 12वीं बोर्ड परीक्षा के लिए 69 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर नकल रोकने के लिए अभी से जिला शिक्षा विभाग द्वारा तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। नकल रोकने की कवायद के तहत इस बार परीक्षा केंद्रों पर पर्यवेक्षक केंद्राध्यक्ष की ड्यूटी लगाने का फैसला एमपी बोर्ड करेगा। नकल रोकने किसी भी तरह की गड़बड़ी से बचने के लिए शिक्षा विभाग ने एक सॉफ्टवेयर तैयार किया है। अब तक पहले ही शिक्षकों को बता दिया जाता था कि उनकी ड्यूटी कहां लगाई गई है। अब सॉफ्टेवयर के माध्यम से बोर्ड अधिकारी तय करेंगे कि किस केंद्राध्यक्ष को कहां भेजा जाए। अभी तक यह निर्णय डीईओ द्वारा लिया जाता था।
बनेंगेउड़न दस्ते
जिलाऔर ब्लाक स्तरीय उड़न दस्ते बनाए जा रहे हैं जो परीक्षा केंद्रों पर पहुंच कर नकल करने वाले छात्रों को पकड़कर उनका नकल प्रकरण बनाएंगे। इन उड़नदस्तों में शिक्षा विभाग के साथ ही प्रशासनिक अधिकारियों को भी शामिल किया जाएगा। उड़नदस्ता रोज विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर निगरानी करेगा। संवेदनशील केंद्रों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी। जहां प्राइवेट रूप से परीक्षा देने वाले परीक्षार्थियों की संख्या ज्यादा है। वहां विशेष ध्यान दिया जाएगा।
रिजल्ट सुधारने के लिए बचे 20 दिन
इसबार स्कूलों का रिजल्ट सुधारने के लिए भी खास कवायद चल रही है। जिला शिक्षा अधिकारी एसपी त्रिपाठी ने सभी प्राचार्यों को स्कूल का रिजल्ट सुधारने के निर्देश दिए हैं। निर्देशों में कहा गया है कि कमजोर बच्चों के लिए अलग से कक्षाएं लगाएं। अंग्रेजी, गणित, विज्ञान जैसे कठिन विषयों पर विशेष ध्यान दिया जाए। प्राचार्यों को हिदायत दी है कि जिन स्कूलों का परिणाम कमजोर रहेगा, उनके प्राचार्यों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। कुल मिलाकर बोर्ड परीक्षाओं को लेकर शिक्षा विभाग में हलचल तेज हो गई है।
सॉफ्टेवयर में रहेगी सभी शिक्षकों की जानकारी
^जिलेमें बोर्ड परीक्षाओं के लिए 69 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इस बार सरकारी स्कूल के परीक्षा केंद्र पर प्राइवेट स्कूल के विद्यार्थियों को बैठाने की व्यवस्था की गई है। साथ ही शिक्षकों की डयूटी भी सॉफ्टेवेयर की मदद से लगाई जाना है। इसके लिए शिक्षकों की जानकारी कंप्यूटर में फीड की जा रही है। परीक्षा केंद्रों पर लगने वाली ड्यूटी की सारी जानकारी ऑनलाइन उपलब्ध रहेगी। एसपीत्रिपाठी, जिला शिक्षा अधिकारी रायसेन