गुरुकुल ने बच्चों को नहीं खिलाईं गोली
नगर की शैक्षणिक संस्था गुरुकुल स्कूल में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस पर स्कूल के एक भी बच्चे को दवाई नहीं खिलाई गई। स्कूल में स्वास्थ्य विभाग द्वारा पहुंचाई गई कृमि नाशक दवा एलबेंडाजोल बुधवार को पूरे दिन बंद डिब्बों में भरी रखी रही। स्कूल संचालक ने गोली का एक भी पैकेट नहीं खोला। यहां तक कि बच्चों को कृमि मुक्ति दिवस की जानकारी तक नहीं दी गई। भास्कर ने जब बच्चों से इस बारे में स्कूल प्रबंधन से पूछा तो उन्होंने कोई जबाव नहीं दिया। बच्चों के परिजनों को भी इस बात का पता नहीं चला।
स्कूल संचालक प्रशांत राठी का कहना है कि उन्हें शासन की ओर से कोई लिखित आदेश नहीं मिला, इसलिए किसी भी बच्चे को दवाई नहीं दी गई। जबकि स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की माने तो पहले प्रशिक्षण दिया और बाद में बच्चों को दवाई देने की सूचना दी गई थी।
23 निजी स्कूल के प्रतिनिधि हुए थे प्रशिक्षण में शामिल
जानकारी मुताबिक जय मां विद्या मंदिर स्कूल बाड़ी, एसबीएम स्कूल बाड़ी, बाड़ी स्कूल आॅफ इंग्लिश, सांईज्ञान मंदिर स्कूल बाड़ी, स्वामी विवेकानंद स्कूल बाड़ी, सनसाईन स्कूल बाड़ी, प्रगति हासे स्कूल बाड़ी, शिशु ज्ञान मंदिर समनापुर, मां हिंगलाज संस्कृत विद्यालय बाड़ी, मां शारदा ज्ञान मंदिर स्कूल बाड़ी, रायल कान्वेंट स्कूल बाड़, इकरा आइडियल बरेली, सरस्वती ज्ञान मंदिर स्कूल बरेली, वीएसवी स्कूल गुरारिया रोड बरेली, डैफोडिल्स पब्लिक स्कूल बरेली, मानिक लाल इंटरनेशनल स्कूल बरेली, सिम्पल आरके एजुकेशन स्कूल बरेली, डेस्टिनेशन स्कूल बरेली, पूजा बाल स्कूल धौखेड़ा, प्रज्ञा परिषद स्कूल बरेली, सेमराक स्कूल बरेली, शिशु मंदिर बरेली, विद्या निकेतन स्कूल बरेली को मिलाकर कुल 23 शैक्षणिक संस्थाओं के प्रतिनिधि ही प्रशिक्षण शिविर में पहुुुंचे थे, बाकी के 73 स्कूलों में से कोई भी प्रतिनिधि यहां नहीं पहुंचा। इनमें गुरूकुल स्कूल भी शामिल है। इससे इस अभियान को लेकर पहले ही शंका पैदा हो गई थी।
बेगमगंज में स्कूलों में खिलाई गई दवा
बेगमगंज| कृमि दिवस पर कृमि नाशक दवा एलबेन्डाजोल की गोली का सेवन सभी शासकीय एवं अशासकीय शालाओं में कराया गया। लेकिन कुछ प्रायवेट स्कूलां में उक्त गोली बच्चों को नहीं खिलाने की भी जानकारी मिली है। तहसील की 212 प्राथमिक एवं 82 माध्यमिक शालाओं सहित हाई स्कूलों में एवं प्रायवेट शालाओं एवं आंगनबाड़ी केन्द्रों पर एक वर्ष से 19 साल तक के बच्चों को खिलाई गई शिक्षा विभाग द्वारा सभी प्रायवेट स्कूलों में भी गालियों सेवन कराने के लिए भेजी गई थी, लेकिन कुछ प्रायवेट स्कूलों में उक्त गोलियों का सेवन नहीं कराए जाने की जानकारी पर शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने अनभिज्ञता जाहिर की।
नगर की प्रायवेट संस्थाओं में एकता कॉन्वेंट स्कूल, महर्षि कान्वेंट हायर सेकंडरी स्कूल , आदर्श हायर सेकेंडरी स्कूल, एचपी पब्लिक हायर सेकंडरी स्कूल, चिल्ड्रन पब्लिक केयर मिडिल स्कूल, पापाजी मेमोरियल स्कूल, सरस्वती विद्या मंदिर हायर सेकंडरी स्कूल सहित शा.उत्कृष्ट स्कूल, एलएनवी गर्ल्स स्कूल, मा.शाला,प्राथमिक शाला करबा, किला, गढ़ोईपुर, खिरिया नारायणदास, नवीन शाहपुर, हदाईपुर,गंभीरिया, राजकीय प्राथमिक शाला, प्राथमिक शाला श्यामनगर, बीड़ी कालोनी, माध्यमिक शाला सुमेर, पिपिलिया पाठक, तुलसीपार, सलैया, हप्सिली, वीरपुर सहित सभी शासकीय शालाओं एवं आंगनबाड़ी केन्द्रों पर एलबेन्डाजॉल की गोलियां खिलाई गई।
इस संबंध में बीआरसी बीएस खंगार का कहना है कि सभी शासकीय एवं अशासकीय प्राथमिक एवं माध्यमिक व हाई स्कूलों में कृमि नाशक गोलियों सेवन के लिए भेजी गई थी।
प्रशिक्षण में नहीं हुए शामिल
खास बात ये रही कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा राष्ट्रीय कृमि नाशक दिवस के लिए पूर्व में दिए गए प्रशिक्षण शिविर में भी गुरुकुल स्कूल का कोई भी प्रतिनिधि शामिल नहीं हुआ। साथ ही जब स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों द्वारा संस्था में दवाइयां पहुंचाई गई तब भी संचालक ने आनाकानी की थी। जिसकी सूचना कर्मचारियों द्वारा अधिकारियों को दी गई थी।
स्कूल के 1500 बच्चे नहीं खा पाए दवा
स्कूल में पढ़ने वाले 1500 बच्चों को कृमि नाशक गोलियां नहीं दी गईं। ऐसे में शासन द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर चलाए जा रहे कृमि नाशक अभियान की नजर अंदाजी की गई। जबकि स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक ब्लाक के बरेली और बाड़ी में पिछले महीने 27 जनवरी को राष्ट्रीय कृमि नाशक दिवस से संबंधी प्रशिक्षण दिया गया। वहीं ईंट खेड़ी में 28 जनवरी को प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया। जिसमें ब्लाक के सभी शासकीय स्कूलों, निजी स्कूलों और आंगनवाड़ी केंद्रों के संचालकों, प्रतिनिधियों का बुलाया गया था। पूरे ब्लाक में लगभग 13 हजार से ज्यादा बच्चों कोे राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस पर एलबेंडाजोल गोलियां खिलाई गईं, जिससे कि उन्हें पेट में होने वाले कीड़ों से मुक्ति मिल जाए। लेकिन यहां संचालक प्रशांत राठी ने राष्ट्रीय स्तर पर जारी किए गए शासन के आदेश को नहीं माना।
गुरुकुल स्कूल में कृमि नाशक दवा के डिब्बे खोले ही नही गए। बिना दवा खाए घर जाते स्कूल के बच्चे।
कार्रवाई करेंगे
गुरुकुल स्कूल संचालक ने राष्ट्रीय कृमि नाशक दिवस पर बच्चों को दवाई न देकर शासन के अभियान को नजर अंदाज किया है। संचालक द्वारा शासन के आदेश को न मानना गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। ओपी सोनी, एसडीएम बरेली
दिया जाएगा नोटिस
स्कूल संचालक ने यदि बच्चों को दवाइयां नहीं दी है तो ये बड़ी गलती है। इसके लिए संचालक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और शोकॉज नोटिस दिया जाएगा। एसपी त्रिपाठी, जिला शिक्षा अधिकारी रायसेन
अधिकारी कर रहे सिर्फ कार्रवाई की बात
इस संबंध में गुरुकुल स्कूल संचालक का कहना है कि जब तक शासन की ओर से कोई लिखित आदेश प्राप्त नहीं होता है ये दवाएं बच्चों को नहीं दी जाएंगी। इस मामले में एसडीएम ओपी सोनी ने संचालक श्री राठी द्वारा की जा रही मनमानी को गलत बताया है और कार्रवाई करने की बात कही है। वहीं जिला शिक्षा अधिकारी एसपी त्रिपाठी का कहना है उक्त मामले में स्कूल संचालक को शोकॉज नोटिस दिया जाएगा।
स्कूल के बच्चों को खिलाई गई कृमि नाशक दवा।
गुरुकुल स्कूल में कृमि नाशक दवा के डिब्बे खोले ही नही गए। बिना दवा खाए घर जाते स्कूल के बच्चे।