पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • कलश यात्रा निकाल की देवों की स्तुति

कलश यात्रा निकाल की देवों की स्तुति

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
इंसानचाहे जितना भी भटक ले, लेकिन शांति और सच्चा सुख उसे केवल ईश्वर के चरणों में ही मिलता है। माता, पिता, गुरु और परमात्मा के चरणों में ही सुख और शांति है।

यह बात शीतल विहार कॉलोनी में गुरुवार से शुरु हुई संगीतमयी श्रीमद भागवत कथा के दौरान भृगु सिद्ध पंडित नरेन्द्र नागर ने कही। भागवत कथा के पूर्व भोपाल नाका स्थित हनुमान मंदिर से भव्य कलश यात्रा निकाली गई जिसमें बड़ी संख्या में महिलाएं सिर पर कलश धारण कर चल रही थीं। भागवत कथा में पंडित श्री नागर ने बताया कि भक्त ही केवल भगवान के लिए नहीं तड़पता, बल्कि भगवान को भी सच्चे भक्तों की तलाश रहती है। उन्होंने बताया कि यह पूरा संसार माया पर स्थिर है। मन को सुखी रखने के लिए योग की आवश्यकता है। तृप्ति तो केवल योग में है और योग के बिना योगेश्वर की कृपा भी असंभव है। आज मानव सुख की खोज में भटक रहा है। फिर भी उसका मन अशांत ही है। सच्चा सुख तो केवल हरि की शरण में ही मिलेगा। कथा सुनने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। भागवत कथा के पूर्व युवतियों ने पूरे उत्साह और आस्था से कलश यात्रा में हिस्सा लिया। इस मौके पर पं. दुर्गाप्रसाद कटारे, राजेंद्र चौधरी, विमल जैन, सुनील जैन, हरीश जैन, शिव कुमार सिंह, मनोहर सिंह, मुन्ना त्यागी, गोविन्द सोनी, आरके सिंह, मितलेश नागर, विजय पटेल, पवन सोनी, राजेश गौर आदि उपस्थित थे।

सीहोर. श्रीमद भागवत कथा के पूर्व महिलाओं ने कलश यात्रा निकाली।