ईसाई सभा में आदिवासी!
क्रिश्चियनसमाज का शुक्रवार को लायंस हॉल में आध्यात्मिक सम्मेलन था लेकिन वहां समाज के लोगों से ज्यादा आदिवासी मौजूद थे। ये स्थिति पुलिस और अन्य लोगों ने देखी तो सम्मेलन का विरोध होने लगा। हालत यह बने कि आयोजक भाग खड़े हुए।
पेंटिकॉस्टल चर्च आॅफ मोड की यूनाइटेड क्रिश्चियन काउंसिल ने गुरुवार को दो दिनी मसीही आध्यात्मिक सम्मेलन शुरू किया था। कार्यक्रम के प्रमुख वक्ता केरल के ब्रदर थॉमस, भोपाल से जॉय थॉमस तथा सहयोगी उन्नी एम.ए. थे। इस दौरान बड़ी संख्या में आिदवासी भी जुटे थे।
करारहे थे प्रार्थना
कार्यक्रममें आए हाड़ोका (रावटी) के संविदा शिक्षक विक्रम पिता नागूजी अमलियार ने बताया गुरुवार शाम 6 से रात 9 बजे तक प्रार्थना हुई। शुक्रवार सुबह 9.30 से दोपहर 12 बजे तक प्रार्थना की। दोपहर 2.30 बजे फिर प्रार्थना हुई थी।
लोगजुटे, कार्यक्रम रुका
हिंदूवादीसंगठन का आरोप था कि यहां धर्म परिवर्तन हो रहा है। पुलिस और प्रशासन के साथ ये लोग दोपहर 3.30 बजे पहुंचे तो प्रार्थना कार्यक्रम रुक गया। एसडीएम अवधेश शर्मा और सीएसपी पी.एस. राणावत को हॉल में 40 से अधिक आदिवासी मिले जो बीमारियों का इलाज कराने आए थे।
धर्म परिवर्तन नहीं कार्यशाला
क्रिश्चियनकाउंसिल के सेक्रेटरी पास्टर जोस मैथ्यु ने बताया क्रिसमस महीना चल रहा है। शहर के लोगों के लिए आध्यात्मिक कार्यक्रम आयोजित किया। यहां प्रार्थना की जा रही थी। हम धर्म परिवर्तन नहीं करते। सार्वजनिक कार्यक्रम है कोई भी यहां बिना रोक-टोक आ-जा सकता है।
नौकरी का लालच देकर बुलाया
शिकायतकर्तामोतीलाल चारेल नि. राजाखोरा (बाजना) ने बताया राजापुरा माताजी मंदिर पर गुरुवार को सूट पहने दो लोग आए थे। लोगों को एकत्र कर कहा शुक्रवार को रतलाम आना है। किराया मिलेगा, पैसा और नौकरी भी देंगे। लक्ष्मण ने बताया मैं शुक्रवार को रतलाम आया तो कार्यक्रम भी देखने गया। यहां लोगों को ठीक करने के लिए प्रार्थना की जा रही थी।
अब प्रभु यीशु को मानता हूं
रानीसिंगके कैलाश पारगी ने बताया उसे दौरा पड़ता था। चार साल से प्रार्थना सभा में जा रहा हूं। अब ठीक हूं। पहले भगवान को मानता था अब यीशु को। संविदा शिक्षक विक्रम ने बताया पास्टर साहब की प्रार्थना से मां झुम्माबाई का पैर ठीक हो गया। अब वह स्कूल में बच्चों से प्रार्थना करवाता है। उमरगांव के पूना वज्या ने बताया बड़े भाई