पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • दरवाजे के कुंदे तोड़कर जेवर, नकदी ले भागे चोर

दरवाजे के कुंदे तोड़कर जेवर, नकदी ले भागे चोर

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
डिप्थीरिया से दो बच्चों की मौत, दो भर्ती

जिलेके आदिवासी बहुल केसली ब्लॉक के खमरिया गांव में डिप्थीरिया (गलघोंटू बीमारी) से दो बच्चों की भोपाल में इलाज के दौरान मौत हो गई और दो की हालत खराब होने के कारण भोपाल में ही भर्ती हैं। एक बच्चे की मौत करीब 20 दिन पहले और दूसरे की दो दिन पहले ही हुई है।खमरिया निवासी चरन सिंह लोधी के 12 वर्षीय पुत्र पुष्पेन्द्र को 20 दिन पहले गले में सूजन के कारण तकलीफ ज्यादा बड़ी और भोपाल के हमीदिया अस्पताल में भर्ती कराया गया था। भोपाल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इसके अलावा गांव के ही भगवत सिंह ठाकुर के पुत्र कुलदीप 7 वर्ष एवं पुत्री रागनी 9 वर्ष, इस्लाम खान के पुत्र इजाज 8 वर्ष को इसी बीमारी की शिकायत के चलते चार दिन पूर्व भोपाल में भर्ती कराया गया था जहां कुलदीप की मौत हो गई जबकि अन्य 2 बच्चों की हालत नाजुक है।

क्याहै डिप्थीरिया ?

चिकित्साधिकारीडॉ. दीपक गोस्वामी ने बताया डिप्थीरिया को सामान्य बोलचाल की भाषा में गलघोटू भी कहा जाता है। कोराइन बैक्टीरिया डिप्थरी नामक बैक्टेरिया से फैलने वाला यह संक्रमण प्रायः दो से 10 साल के बच्चों में होता है। गले के अंदर टांसिल में फैले इस रोग के संक्रमण के कारण संक्रमित बच्चे के गले में तेज दर्द एवं सूजन, बुखार, अरुचि एवं सिर में तेज दर्द भी होता है जिससे पीड़ित को बोलने में, निगलने, चबाने में तकलीफ होती है। टांसिल में इसके संक्रमण के कारण उत्पन्न टॉक्सिन धीरे-धीरे शरीर के अन्य हिस्सों में फैलता है एवं इसके प्रभाव के कारण अंग कमजोर हो जाते हैं। यह टॉक्सिन एक हानिकारक झिल्ली का निर्माण करता है जो प्रभावित स्थान को ढंक लेती है। कफ के माध्यम से इसका संक्रमण एक बच्चे से दूसरे बच्चे में फैलता है।

देवरीमें भी मिले डिप्थीरिया संक्रमित

केसलीब्लॉक के अलावा देवरी ब्लॉक मुख्यालय से महज 6 किमी दूर सेमराखेरी गांव में स्थाई बसेरा बना चुके घुमंतु लोहगड़िया समाज के 2 बच्चों में डिप्थीरिया के संक्रमण के संभावित लक्षण मिले हैं इनमें हैं।

इस संबंध में केसली के चिकित्सा अधिकारी डॉं. पवन जैन का कहना है डिप्थीरिया का कोई रोगी अभी तक नहीं मिला है। 20 दिन पहले खमरिया के एक बच्चे की भोपाल में मौत हुई थी जिसके बाद स्वास्थ विभाग ने गांव में दौरा कर बच्चों का परीक्षण किया है जिसमें डिप्थीरिया के संक्रमण मिलने की प