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खुद जिम्मेदार बनकर करनी होगी अच्छी शुरुआत

7 वर्ष पहले
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स्मार्ट वार्ड के लिए उठे ये चार प्रमुख मुद्दे

नगर संवाददाता | सागर

शहरऔर वार्ड को स्मार्ट बनाने के लिए हमें खुद स्मार्ट बनना होगा। शुरुआत खुद से ही करनी होगी, तभी विकास कर पाएंगे। लोगों के जीवन यापन के लिए एक वातावरण की आवश्यकता होती हैं, जो उसे मौलिक सुविधाओं से मिलता है। वार्डों में साफ-सफाई, चौड़ी और पक्की सड़कें, पार्क, बिजली, पानी, ड्रेनेज सिस्टम जैसी आवश्यकताओं की जरूरत है। इन सब चीजों की पूर्ति निगम प्रशासन और उन जन प्रतिनिधियों जिम्मेदारी है, जिन्हें हम खुद चुनकर कुर्सी पर बैठाते हैं। हम जागरूक रहेंगे तो कोई हमारा हक छीन नहीं सकता। कुछ इसी तरह के तेवर थे शहर के लोगों के। सोमवार को दैनिक भास्कर के स्मार्ट वार्ड - स्मार्ट सिटी कार्यक्रम के तहत विजय टॉकीज परिसर में शहर के मोतीनगर, चंद्रशेखर, इतवारी, भगतसिंह, वल्लभनगर और संत रविदास वार्ड के लोग जुटे और अपनी बात रखी। जनता से रूबरू हुए तो साफ-सफाई के बाद दूसरा बड़ा मुद्दा डेयरी विस्थापन का निकलकर सामने आया। इस क्षेत्र के लोगों ले अपनी जरूरत के तौर पर सबसे बड़ी कमी सार्वजनिक समारोहों के सामुदायिक भवन की बताई। क्षेत्र के एक स्थान का सुझाव भी आया कि वहां सामुदाियक भवन बनाया जा सकता है। क्षेत्रीय बस स्टैंड की भी लोगों ने आवश्यकता बताई। इसके अलावा ड्रेनेज और सफाई की समस्या मुख्यत: उभरकर सामने आई।

{सागर. विजय टाॅकीज परिसर में सोमवार को आयोजित दैनिक भास्कर के रूबरू कार्यक्रम में मौजूद विभिन्न वार्डों के लोग।

पाॅवर हाउस की जगह का उपयोग हो

^तालाबके सामने पुराने पाॅवर हाउस की काफी जगह बेकार पड़ी हुई है। शहर के बीचों-बीच इस लोकेशन को बेहतर तरीके से संवारा जा सकता है। हमें योजना बनाकर काम कराना होगा। करोड़ो रुपए आए लेकिन दुर्भाग्य की बात है कि शहर में ड्रेनेज सिस्टम को लेकर कोई काम नहीं हो पाया। शहर की संरचना ऐसी है कि 5-7 किमी एरिया में फैला है। कैंट का बड़ा भूभाग बीच में होने के कारण शहर का विस्तार नहीं हो पा रहा। -सुधा जैन, पूर्वविधायक सागर

लोगों को रोजगार मिल सके

यहां पर बने पुलिस चौकी

^समस्याएं कभी खत्म नहीं होती। क्या होना चाहिए, क्या नहीं लोग सब समझते हैं। मैं चाहती हूं कि वार्ड के लोगों को रोजगार से जोड़ा जाए, ताकि वे अपने परिवार काे चला सकें। महिलाओं के लिए मेहंदी, सिलाई, कड़ाई, बुनाई की ट्रेनिंग दी