उज्जैन। नवरात्रि में रविवार को पूरा शहर गरबों की ताल पर झूम उठा। डीजे की थाप पर पारंपरिक गरबा गीतों पर युवतियों आैर महिलाओं ने गरबा आराधना की। छुट्टी का दिन होने से रविवार को लगभग हर गरबा स्थल पर भारी भीड़ उमड़ी। कहीं गुजराती-राजस्थानी शैली में गरबा, तो कहीं आकर्षक वेशभूषा में ताल से ताल मिलाते युवाओं के ग्रुप। गरबों की मस्ती में युवाओं के साथ उम्र के बंधन भुलाकर बुजुर्ग महिला-पुरुष भी कदमताल करते नजर आए।
आगर रोड स्थित माथुर वैश्य धर्मशाला में रविवार को माथुर वैश्य समाज का एक दिनी गरबा आयोजन हुआ। जिसमें पारिवारिक माहौल के बीच महिला-पुरुष, युवक-युवतियों आैर बच्चों ने भी गरबों की प्रस्तुति दी। अध्यक्ष ओमप्रकाश गुप्ता एवं सचिव ऋषिकुमार गुप्ता ने बताया गरबों के दौरान कई पुरस्कार भी दिए गए।
नगर निगम परिवार की ओर से निगम परिसर में चल रहे गरबों में रविवार रात अभिनेता एवं गायक अरुण बक्षी ने प्रस्तुति दी। बक्षी, सहयोगी सबा खान राजेश वर्ले के गीतों पर गरबे हुए। संयोजक जगदीश पांचाल ने बताया भारत माता पर आधारित गरबा प्रस्तुति भी हुई। अतिथि निगम अध्यक्ष सोनू गेहलोत एवं पार्षद रवि राय थे।
ऋषिनगर में आस्था युवा मंच की ओर से 15वें नवरात्रि गरबा महोत्सव में रविवार रात गुजराती शैली में छतरी, मटकी डंडों के साथ आकर्षक गरबाें की प्रस्तुति हुई। गरबों के दाैरान सिद्धू फायर बॉयस के बच्चों ने डांस की भी प्रस्तुति दी। अतिथि केपी झाला, प्रेमसिंह यादव, जयसिंह यादव एवं योगेश ठाकुर थे।
भारत विकास परिषद सांदीपनि की ओर से सदस्य परिवारों के लिए रविवार रात प्रेमछाया परिसर में पारंपरिक गरबों का आयोजन हुआ। जिसमें 150 सदस्य परिवारों ने सहभागिता की। यहां सिंगल लेडिज, सिंगल जेंट्स आैर कपल गरबा में पारंपरिक गरबों की प्रस्तुतियां हुई।