पहचान के बाद भी बदमाश गिरफ्त में नहीं
भोपाल | दिल्लीसे भोपाल रही मालवा एक्सप्रेस के एस-7 कोच से रति त्रिपाठी को फेंकने वाले दो बदमाशों में से एक की पहचान होने के बाद भी जीआरपी उसे अब तक नहीं पकड़ सकी है। आरोपी तक पहुंचने के लिए पुलिस ने उसके एक नजदीकी को हिरासत में लिया है। पुलिस का दावा है कि उसे जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। जांच में सामने आया है कि ललितपुर का रहने वाला आरोपी ट्रेन में लूट आैर चोरी की वारदातों को अंजाम देता है। रति को ललितपुर से आगे करोंदा आैर आगासौद स्टेशन के बीच 19 नवंबर की सुबह बदमाशों ने चलती ट्रेन से फेंक दिया था। बदमाश रति का पर्स लूटकर भागे थे। रति महाकाल के दर्शन करने उज्जैन जा रही थी।
घटना के एक हफ्ते बाद ही जीआरपी ने एक आरोपी की पहचान कर ली थी।
पुलिस उसके संबंध में इतना ही पता कर सकी है कि आरोपी ललितपुर का रहने वाला है आैर ट्रेन में भी वारदातों को अंजाम देता है। रेल डीजी एमएस गुप्त का कहना है कि आरोपी की पहचान हुई है। वह घर से गायब है। उसे पकड़ने के लिए टीम उसके संभावित ठिकानों की जानकारी इकट्ठा कर दबिश दे रही है।
अबभी बेहोश है रति : इधर,राजधानी के बंसल अस्पताल में भर्ती रति को अब तक होश नहीं आया है। डॉक्टरों के अनुसार रति के हाथ-पांव की अकड़न खत्म करने के लिए फिजियोथैरेपी की मदद ली जा रही है।
मामला रति को फेंकने का