सोयाबीन बीज व्यापार में लाभ ही लाभ
सोयाबीनका व्यापार इस साल लाभ वाला माना जा रहा है। मंडी में भाव ऊंचे बने हुए हैं। बीज कंपनियों से कांटेक्ट कर 3550 रुपए के भाव से 9560 गोदाम में ग्रेडिंग करवा कर डंप किया जा रहा है। 200 से 250 रुपए प्रति बोरी की कमाई होने से इसमें फायदा ही फायदा हो रहा है। सोयाबीन गोदाम पहुंचकर बीज बन जाता है। इस साल सोयाबीन सीजन में 40 दिन बड़े व्यापार वाले रहे। महाराष्ट्र लाइन पर व्यापार खूब चला और चल रहा है। यूआरडी के चलन में आने से 100 से 150 रुपए प्रति बोरी पर व्यापार किया जा रहा है। मालवा की मंिडयों में चमकदार सोयाबीन आने से बीज वालों के खास काम का माना जा रहा है। इस व्यापार में वर्षों बाद गेहूं, चने के व्यापारी सोयाबीन खरीदने गए। लंबी पूंजी वाले लमसम में स्टॉक खरीदी सोयाबीन की ही करते जा रहे हैं। मंडी क्षेत्र में बीज का व्यापार 2-3 व्यापारी ही कर रहे हैं। कुछ व्यापािरयों की पार्टी आसपास की मंडी से व्यापार कर रही है।
सोयाबीन3361 रुपए बिका : मंडीमें 9305 सोयाबीन 3361 रुपए बिका। वायदा मायनस आया। मंडी में खरीदारों की बड़ी संख्या होने से सोयाबीन में बोली 25 से 30 रुपए की अिधक लगाई गई। ऊंचे भाव का सोयाबीन जल्दी बिकने से मीिडयम क्वािलटी में भाव कम ही मिल रहे हैं। सामान्य प्रकार का सोयाबीन 3150 से 3200 रुपए तक ही बिका।
मावठाबरसा, गेहूं को लाभ होगा, लोकवन 1782 रुपए बिका : नएगेहूं की उपज को मावठे की बािरश से लाभ िमलने की संभावना से भाव में मंदी का रुख बन गया। उज्जैन मंडी अन्य मंिडयों से 25-40 रुपए ऊंची बिकी। िमल क्वािलटी 1500 से 1540 रुपए के भाव से बिक रहा है। 2 फीसदी डंक वाला लोकवन ऊंचे में 1782 रुपए बिका। मालवराज पोषक में खरीदार कम होने से भाव नीलाम में जोर नहीं पकड़ पा रहे। सरकारी छाप गेहूं की आवक कम होने से मीिडयम क्वािलटी वालों को 20 से 25 रुपए ऊंचे भाव में खरीदी करना पड़ रही है। मंडी नीलाम से अिधक तो गेहूं के व्यापारी सौदे बढ़ते जा रहे हैं। मंडी में मुख्य रूप से गेहूं का व्यापार ही होता आया है। सारटैक्स प्लांट ने इस व्यापार पर खासा असर डाला है। हाथ बिनाट में भाव नहीं िमलने से इस व्यापार में मंडी के गिने चुने व्यापारी ही लाभ का व्यापार कर रहे हैं। सारटैक्स वालों की हल्के गेहूं में ऊंचे भाव की खरीदी से भी मंडी आवक में बढ़ोत्तरी हो जाती है।
थोकमें आलू सस्ता, खेरची में महंगा बिक र