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चरक अस्पताल में होस्टल शुरू करने का निर्णय प्रशासन ने वापस लिया

4 वर्ष पहले
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सीएस ने व्यवस्था देखी, बोले-

सुधार की जरूरत, अब रोज दो घंटे यहां दूंगा
सिविल सर्जन (सीएस) डॉ. राजू निदारिया ने शुक्रवार दोपहर चरक अस्पताल की व्यवस्था देखी। उन्होंने डॉक्टर्स से समस्याएं जानी। उन्हें बताया अस्पताल के मुख्य गेट पर भी बेरिकेड्स लगा दिए हैं। वाहनों के आने में परेशानी होती है।

डॉ.निदारिया सबसे पहले डॉक्टर्स चैंबर्स में पहुंचे और ओटी की व्यवस्थाओं पर बात की। उसके बाद प्रशासनिक कक्ष का निरीक्षण किया। उन्होंने दवाई स्टोर्स प्रभारी को बुलाकर आदेश दिए सभी कर्मचारी अपनी सीट पर रहेंगे। उन्होंने कहा यहां सुधार की जरूरत है। अब रोज दो घंटे चरक अस्पताल को दूंगा। उन्होंने डॉक्टर्स की लिफ्ट 24 घंटे चालू रखने के आदेश दिए। सफाई से संतुष्ट नहीं होने पर उन्होंने कहा राउंड द क्लाक सफाई करवाई जाए। ठेकेदार संजय अग्रवाल को तलब किया। डॉ. निदारिया ने कहा सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एसपी से बात करेंगे।

भास्कर संवाददाता | उज्जैन

चरक अस्पताल की पांचवीं मंजिल पर हॉस्टल शुरू किए जाने के निर्णय को जिला प्रशासन ने वापस ले लिया है। अस्पताल में हॉस्टल होने से चिकित्सकीय सेवाएं प्रभावित होने तथा छात्राओं की सुरक्षा के मद्देनजर ऐसा किया है। सुदामानगर रोड स्थित पुराने होस्टल में ही इन्हें शिफ्ट किया जाएगा। यहां पानी व शौचालय की व्यवस्था की जाएगी।

बीएससी नर्सिंग कॉलेज की 58 छात्राएं वर्तमान में जिला अस्पताल परिसर में स्थित पुराने शिशु वार्ड भवन के एक हिस्से में रह रही हैं। अब यहां विकलांग पुनर्वास केंद्र शुरू हो गया है। जिला प्रशासन ने छात्राओं को चरक अस्पताल की पांचवीं मंजिल पर जगह देने का निर्णय लिया था। इसके लिए आदेश भी जारी किए थे। उसके बाद अस्पताल की पांचवीं मंजिल अस्पताल प्रशासन ने साफ-सफाई व बिजली के इंतजाम करवा दिए थे। कॉलेज प्रशासन भी अस्पताल भवन का निरीक्षण कर चुका था। अस्पताल में हॉस्टल होने से चिकित्सकीय कार्य प्रभावित होने व छात्राओं की सुरक्षा को देखते हुए कलेक्टर संकेत भोंडवे ने यह निर्णय वापस ले लिया है। रोगी कल्याण समिति के सदस्य राजेश बोराना ने भी आपत्ति जताते हुए कहा था अस्पताल काे आवासीय नहीं बनाया जा सकता। उसके बाद अब तय हुआ है सुदामानगर रोड स्थित पुराने हॉस्टल में आवश्यक कार्य करवाए जाकर यहां पर 58 छात्राओं को भी शिफ्ट किया जाएगा। पानी के लिए बोरिंग या नल कनेक्शन व शौचालय आदि का कार्य होने तक छात्राएं पुराने शिशु वार्ड के एक हिस्से में ही रहेंगी। शुक्रवार को अधिकारियों ने पुराने हॉस्टल का निरीक्षण किया है। यहां पूर्व से 150 छात्राएं रह रही हैं।

दूसरी जगह देखेंगे
हॉस्टल को चरक में शिफ्ट नहीं किया जाएगा। इसके लिए दूसरी जगह पर व्यवस्था की जाएगी। संकेत भोंडवे, कलेक्टर

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