1901 में
1901 में
हुआथा विदिशा की ऐतिहासिक श्रीरामलीला का शुभारंभ। लगातार 114 साल से चल रही है विदिशा की रामलीला। 35 एकड़ क्षेत्र में फैला है विशाल रामलीला प्रांगण। रामलीला का स्वयं का एक विधान बनाया गया है। उसी के अनुरूप रामलीला का मंचन होता है।
1956में
मप्रके गठन के साथ ही प्रदेश सरकार के गजट नोटीफिकेशन में भी विदिशा की रामलीला का प्रकाशन किया गया है। उसी विधान के अनुसार जिले के कलेक्टर मेला समिति के पदेन अध्यक्ष होते हैं। समिति के सचिव और अन्य पदाधिकारियों की नियुक्ति पदेन अध्यक्ष ही करते हैं।