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J&K में 2500 करोड़ में बनी देश की सबसे लंबी सुरंग का आज इनॉगरेशन करेंगे मोदी

4 वर्ष पहले
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ऊधमपुर (जम्मू-कश्मीर).   नरेंद्र मोदी ने रविवार को जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाईवे पर देश की सबसे लंबी रोड टनल का इनॉगरेशन किया। मोदी टनल में कुछ दूर पैदल भी चले। 9.2 किमी लंबी इस सुरंग को बनाने में 3720 करोड़ रुपए खर्च हुए हैं। इसके बाद पीएम ने ऊधमपुर में एक रैली को संबोधित किया। कहा- लोगों को इस सुरंग का उद्घाटन करना चाहिए। इसके बाद लोगों ने मोदी के बताए तरीके से मोबाइल फ्लैश ऑन किए। यहां के पत्थरबाजों पर तंज कसते हुए पीएम ने कहा- अब तय करना होगा कि आपको टूरिज्म चाहिए या फिर टेररिज्म।  और क्या कहा मोदी ने....
 
- पीएम ने कहा, “नवरात्र के दौरान यहां आने का मौका मिला, इसके लिए आप सबका आभारी हूं। ये सिर्फ लंबी सुरंग नहीं है। ये जम्मू और श्रीनगर की दूरी कम करने वाली सुरंग नहीं है। ये विकास की लंबी छलांग है।”
- “दुनिया के लिए भी एक बड़ी आशा है। पर्यावरणविदों की नजर जाने की संभावना कम थी। हमने पर्यावरण की रक्षा का काम भी किया है। भारत ने संदेश दिया है कि हिमालय की छाती में सुरंग बनाकर भारत ने पर्यावरण की रक्षा की है।”
 
पत्थर बरसाने वालों पर तंज
- “सुरंग में भारत सरकार का पैसा लगा है लेकिन इसमें यहां के नौजवानों का पसीना लगा है। यहां के नौजवानों ने एक हजार दिन से ज्यादा तक पसीना बहाया, पत्थर काटकर सुरंग बनाया। पत्थर की ताकत क्या होती है? एक जगह भटके हुए नौजवान पत्थर मारने में लगे हैं, दूसरी ओर, पत्थर काटकर नौजवान भारत का भाग्य बनाने में लगे हैं।”
 
टूरिज्म और टेररिज्म
- “किसान की फसल बर्बाद हो जाती थी। अब ये सुरंग यहां के किसानों के लिए वरदान है। किसानों को घाटा नहीं होगा। ये लाभ कश्मीर घाटी को मिलने वाला है। हिंदुस्तान के हर शख्स का सपना है कि वो एक बार कश्मीर देखे। यहां की टूरिज्म इंडस्ट्री अब आगे निकल जाएगी।”
- “आपके सामने दो रास्ते हैं। एक तरफ टूरिज्म और दूसरी तरफ टेररिज्म। 40 साल से यहां लहू बह रहा है। टूरिज्म की ताकत को पहचानना चाहिए। दिल्ली की सरकार कश्मीर के साथ है। महबूबा जी ने आधे से अधिक बजट जमीन पर खर्च किया है। इसके लिए उन्हें बधाई।”
 
9 सुरंगे बनाई जाएंंगी
- “यहां ऐसी 9 सुरंग बनाने का फैसला किया गया है। ये रास्ते सिर्फ सड़कों को ही नहीं, बल्कि दिलों को भी जोड़ेंगे। यहां का भाग्य बदलने के लिए शिक्षा और रोजगार का लाभ उठाएं। जम्मू का विकास भी तेजी से हो रहा है।”
- “खून के खेल से किसी का फायदा नहीं हुआ। सीमा पार के लोग समझ जाएं। उन्हें विकास दिखाना है। क्योंकि यही मार्ग आगे ले जाता है।”
 
कैसी है  टनल
- ये ट्विन ट्यूब टनल है जो 9.2 किलोमीटर लंबी है। जम्मू-कश्मीर हाईवे पर बने 286 किलोमीटर लंबे फोर लेन हाईवे पर इस टनल के शुरू होने से ट्रैफिक का दबाव कम होगा।
- प्रोजेक्ट पर 3720 करोड़ रुपए खर्च हुए हैं। इस टनल में कई खूबियां हैं। अगर मुख्य सुरंग में किसी तरह की दिक्कत आती है तो इमरजेंसी के लिए इसके पैरेलल एक और टनल बनाई गई है। दुनिया में मौजूद बेहतरीन सेफ्टी फीचर्स का भी इसमें इस्तेमाल किया गया है। 
- फायर कंट्रोल, वेंटिलेशन, सिग्नल, कम्युनिकेशन और ऑटोमैटिक इलेक्ट्रिकल सिस्टम लगाए गए हैं। पूरी टनल को एक कंट्रोल रूम से मॉनिटर किया जाएगा। सुरंग में हर 75 मीटर पर हाई रेजोल्यूशन के 124 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। 
- पांच मीटर से ऊंचे व्हीकल सुरंग से नहीं गुजर सकेंगे। मोबाइल नेटवर्क की फैसिलिटी भी यहां मिलेगी।

क्या होगा फायदा?
- जम्मू से श्रीनगर की दूरी 30 किलोमीटर कम हो जाएगी। दोनों में से किसी भी शहर में पहुंचने में अब 2.30 घंटे कम लगेंगे। 
- चेनानी से नाशरी की दूरी वैसे तो 41 किलोमीटर है, लेकिन इस टनल के शुरू होने से यह दूरी सिर्फ 10.9 किलोमीटर रह जाएगी। 
- इसके ऑपरेशन की जिम्मेदारी नेशनल हाईवे अथॉरिटी संभालेगी। इसका ट्रायल 9 से 15 मार्च के बीच पीक ऑवर्स और नॉन पीक ऑवर्स में किया जा चुका है। 
- खास बात ये है कि घाटी में एवलांच या स्नोफॉल के दौरान भी इस टनल के ऑपरेशन पर कोई दिक्कत नहीं होगी।

टोल टैक्स कितना देना होगा?
- लाइट मोटर व्हीकल (मसलन कार) पर एक तरफ से 55, जबकि दोनों ओर आने-जाने पर 85 रुपए देने होंगे। एक महीने के लिए आने-जाने पर 1870 रुपए देने होंगे। 
- मिनी बस जैसे व्हीकल को 90 रुपए एक तरफ के, जबकि आने-जाने पर 135 रुपए टोल देना होगा। वहीं, ट्रक जैसे हेवी व्हीकल के एक साइड के 190, जबकि आने-जाने के 285 रुपए देने होंगे।
 
जम्मू-कश्मीर के लोगों के लिए गर्व की बात
- "सुरंग से हर साल करीब 99 करोड़ रुपए के फ्यूल की बचत होगी। साथ ही रोज करीब 27 लाख का फ्यूल बचने की संभावना है।"
- "सुरंग से सूबे की दोनों राजधानियों जम्मू और श्रीनगर के बीच की जर्नी का वक्त घटकर दो घंटे तक कम हो जाएगा। चेनानी और नाशरी के बीच की दूरी 41 किलोमीटर से घटकर 10.9 किलोमीटर रह जाएगी।" 
 
 
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