फोटोः सोशल मीडिया पर यासीन मलिक की यह तस्वीर वायरल हो रही है।
श्रीनगर. जम्मू-कश्मीर में भीषण बाढ़ के बीच सेना के राहत और
बचाव कार्य में खलल डालने के चलते अलगाववादी नेता यासीन मलिक सोशल मीडिया पर लोगों के निशाने पर है।
जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट के मुखिया ने अपने समर्थकों के साथ मिलकर 13 सितंबर को राहत सामग्री से भरी सेना की एक नाव को हाईजैक कर लिया था। सोशल साइट पर यासीन मलिक की एक तस्वीर भी वायरल हो रही है, जिसमें वह राहत सामग्री से भरी नाव में सवार है।
सेना को नहीं करने दी महिला मरीज की मदद
सेना की उत्तरी कमांड के सूत्रों के मुताबिक, मलिक और उसके समर्थकों ने एक महिला मरीज को भी जबरन सेना की नाव से उतार लिया। इसके अलावा, मलिक ने सेना को पेट्रोल बोट लेकर इलाका छोड़ने की धमकी भी दी। यासीन के साथ उसका सहयोगी मीर भी था। अलगाववादियों ने सेना के साथ अभद्र व्यवहार करते हुए कहा है कि
कश्मीरी नहीं चाहते कि सेना बचाव अभियान जारी रखे। हालांकि, महिलाएं अलगाववादियों के
इस कदम का विरोध कर रही थीं, लेकिन उन्हें धमकाकर चुप कर दिया गया। यहीं नहीं, हुड़दंगियों के एक समूह ने
राहत कार्य में जुटी सेना पर पत्थर भी फेंके। हालांकि, सेना ने पलटवार करने के बजाय कुछ समय के लिए इलाका छोड़ना बेहतर समझा।
आगे की स्लाइड में देखें, सेना के राहत अभियान में बाधा पहुंचाने के मामले में यासीन मलिक के खिलाफ आई प्रतिक्रियाएं और बाढ़ प्रभावित इलाकों की तस्वीरें...