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- 14 अगस्त को हुई चोरी, जांच अधिकारियों के पास कोई तसल्लीबख्श जवाब नहीं
14 अगस्त को हुई चोरी, जांच अधिकारियों के पास कोई तसल्लीबख्श जवाब नहीं
पुलिस के ढीले रवैये के बारे में बलदेव सिंह और उनके बेटे ने जानकारी दी।
1 महीने के बाद पुलिस खाली हाथ, कोठी की अलमारियां तोड़ चुराए थे 60 लाख
हरीश शर्मा | अमृतसर
रानीका बाग उप्पल अस्पताल के साथ लगती गली में रहते बलदेव सिंह की कोठी से 14 अगस्त को एक अज्ञात युवक साढ़े आठ लाख रुपए नकद और करीब 50 लाख रुपए के गहने चुरा ले गया था। इस वारदात को एक महीना हो चुका है, लेकिन पुलिस अभी तक खाली हाथ है। चोर को पकड़ पाना तो दूर की बात, पुलिस उसके बारे में कोई ठोस जानकारी तक नहीं जुटा पाई है।
मामले को ट्रेस करने के लिए फाइल एक अफसर से दूसरे अफसर के टेबल पर घूम रही है। जिस अफसर के पास भी फाइल पहुंच रही है। उनके पास आश्वासन के सिवाए देने के लिए कुछ नहीं है। बलदेव सिंह एक महीने से लगातार पुलिस अफसरों के पास चक्कर काट रहे हैं। वह इस बात को लेकर परेशान हैं कि उनकी जीवन भर की कमाई लूट ली गई और पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर पा रही। बलदेव सिंह ने कहा कि जब से उनके घर चोरी हुई है। वह हर दूसरे-तीसरे दिन चौकी कोर्ट कॉम्प्लैक्स, पुलिस कमिश्नर दफ्तर और सिविल लाइन थाने में जा रहे हैं। वहां पर संबंधित अफसरों से मिलते हैं, लेकिन उन्हें कुछ नहीं बताया जाता है। एक महीने के दौरान किसी भी पुलिस अफसर ने उन्हें एक बार भी बुलाकर केस संबंधी कोई जानकारी लेना ठीक नहीं समझा। केवल एक बार ही पुलिस कर्मी उन्हें साथ लेकर नौकरानी के घर पर गए थे। वह तीन-चार बार पुलिस कमिश्नर से मिले तो उन्होंने मामला एडीसीपी सिटी-2 केतन पाटिल को सौंप दिया। इसके बाद वह एडीसीपी पाटिल से मिले। उन्होंने करीब एक सप्ताह पहले कहा था कि वह मौका देखने आएंगे, लेकिन अभी तक नहीं आए। अब तो उन्हें यह भी समझ नहीं रहा कि वह किस अफसर के पास जाएं, ताकि उनकी कोई सुनवाई हो सके।
एडीसीपी केतन पाटिल का कहना है कि थाना प्रभारी को जांच सौंपी हुई है। वह केस पर काम कर रहे हैं। वहीं थाना प्रभारी सुखविंदर सिंह रंधावा ने कहा कि फिलहाल इस मामले में कुछ पता नहीं चल पाया है।
गौरतलब है कि 14 अगस्त को बलदेव सिंह और उनके बेटे अपने-अपने काम पर गए थे। बच्चे स्कूल में थे और बलदेव की प|ी कमलेश अकेली घर पर थी। दोपहर करीब दो बजे बलदेव के एक रिश्तेदार घर पर आए और उनकी प|ी को साथ ले गए। शाम 6 बजे कमलेश रानी घर पर वापस लौटी। इसी समय दौरान एक चोर घर की अलमारिय