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डॉ. नारंग बोले- डॉ. अमनदीप ने किए आॅपरेशन

7 वर्ष पहले
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> उधर डॉ. अमनदीप सिंह ने कहा, मैंने ऑपरेशन नहीं किए

भास्करन्यूज | अमृतसर

हरिपुरास्थित नारंग अस्पताल में 13 और 15 जुलाई को गर्भवती महिलाओं की मौत का मामला पेचीदा हो गया है। सेहत विभाग की टीम ने नारंग अस्पताल पर छापामारी कर जो दस्तावेज कब्जे में लिए थे उनके अनुसार दोनों महिलाओं का आॅपरेशन सेहत विभाग के डॉ. अमनदीप सिंह ने किया था। इतना ही नहीं दोनों महिलाओं को एनेस्थीसिया के डॉक्टर के बिना ही आॅपरेट कर दिया गया। एनेस्थीसिया के लिए स्पाइनल इंजेक्शन भी डॉ. अमनदीप ने ही दोनों मरीजों को लगाया, जबकि वह ऐसा नहीं कर सकते थे। हालांकि डॉ. अमनदीप ने मामले की जांच कर रही टीम को दिए बयानों में साफ कहा है कि उन्होंने नारंग अस्पताल में किसी महिला का आॅपरेशन नहीं किया।

वहीं अस्पताल के मालिक डॉ. अश्विनी नारंग ने सोमवार को दिए बयानों में दोहराया है कि दोनों महिलाओं के आॅपरेशन डॉ. अमनदीप ने ही किए। इस सच्चाई को उजागर करने के लिए डॉ. नारंग ने सेहत विभाग से कुछ दिनों का समय मांगा है। बता दें कि दोनों गर्भवती महिलाओं को लेकर ही सेहत विभाग की टीम गत माह नारंग अस्पताल में गई तो डाॅ. अश्विनी नारंग और उसके समर्थकों ने टीम के साथ बदसलूकी की और उन्हें अस्पताल में दाखिल नहीं होने दिया था। डॉक्टरों के दबाव में पुलिस को मामला दर्ज करना पड़ा और यहां तक कि डॉ. नारंग जेल भी जाना पड़ा था। क्योंकि डॉ. नारंग बीएएमएस होने के कारण आॅपरेशन नहीं कर सकते, इसीलिए विभाग अब दोनों महिलाओं की मौत की गंभीरता से जांच कर रहा है।

सिविल सर्जन डॉ. राजीव भल्ला के अनुसार सेहत विभाग की टीम को डॉ. अमनदीप द्वारा दिए गए बयानों में उन्होंने नारंग अस्पताल में किसी भी महिला के आपरेशन किए जाने से इंकार किया है। वहीं डॉ. नारंग ने दोनों महिलाओं के आॅपरेशन डॉ. अमनदीप के द्वारा किए जाने की बात कही है।

वीडियो क्लिपिंग और फोटोग्राफ्स होने का दावा

डॉ.नारंग ने दावा किया है कि उसके पास वीडियो क्लिपिंग और ऐसे फोटोग्राफ मौजूद हैं, जो यह साबित कर देंगे कि दोनों महिलाओं के आॅपरेशन डॉ. अमनदीप किए हैं। यदि ऐसा साबित होता है तो डॉ. अमनदीप की मुश्किलें बढ़ सकती हैं, क्योंकि वह सरकारी डॉक्टर हैं और सरकारी नौकरी में रहते वह किसी निजी अस्पताल में आपरेशन नहीं कर सकते।