अमृतसर. मजीठा रोड पर सड़क किनारे बिछाई गई इंटरलॉकिंग टाइल्स के बीच ट्रक धंसने की घटना को अभी दस दिन ही हुए कि वहीं दोबारा एक ट्रक फंस गया। ड्राइवर तथा उसके साथियों ने बड़ी मशक्कत के बाद ट्रक को निकाला। टाइल्स बिछाने में बरती गई अनियमितता का आलम यह है कि सेक्रेड हॉर्ट स्कूल के बाहर भी टाइल्स उखड़ गई हैं। इसी रोड पर मौजूद कैबिनेट मंत्री गुलजार सिंह रणिके के घर के बाहर भी सही तरीके से टाइलें नहीं बिछाई जा रही हैं।
ट्रक ड्राइवर जसपाल सिंह ने बताया कि वह सीमेंट लेकर रहा था और खाली जगह देख कर ट्रक पार्क करना चाहा, तभी टाइल धंसने लगी और देखते ही देखते गाड़ी के पिछले चार टायर धंस गए। इसके बाद उन्होंने ट्रक पर लदी सीमेंट उतारा, फिर जैक से पहियों को बाहर निकालने की कोशिश की। लेकिन जमीन इतनी भुरभुरी थी कि जैक के नीचे चार फीट तक ईंटें जोड़नी पड़ी।
गौर हो कि इसी जगह के पास तीन फरवरी को एक ट्रक धंसा था। मौके पर पहुंचे यूथ एसोसिएशन के महासचिव राजिंदर कुमार का कहना है कि टाइल्स को बिछा दी गईं, मगर तो जमीन पर कायदे से रोलर फेरा गया और ना ही सही मैटीरियल इस्तेमाल किया गया है।
मंत्रीके घर के बाहर लीपापोती
कैबिनेट मंत्री गुलजार सिंह रणिके के घर के बाहर भी टाइल्स लगाई जा रही हैं। यहां रेत दबाने के नाम पर लेबर लकड़ी के बेलन से जमीन को समतल करके टाइल्स लगाते जा रहे हैं। आम आदमी पार्टी के उत्तरी हल्का इंचार्ज रविंदर सुल्तानविंड का कहना है कि फुटपाथ पर टाइल्स लगाने की बात तो हजम होती है मगर आधी सड़क पर इन्हें लगाना समझ नहीं आता। वह इस मामले को लेकर अदालत में जाएंगे।
मामले की जांच कराऊंगा : रणिके
कैबिनेटमंत्री गुलजार सिंह रणिके का कहना है कि इस संदर्भ में उनको पहले भी शिकायत मिल चुकी है। इस वक्त में चंडीगढ़ में हूं सुबह मामले की जांच कराऊंगा और अगर काम सही नहीं होगा तो कार्रवाई करवाई जाएगी। काम जनहित से जुड़ा है, जिससे मामला और गंभीर हो जाता है।
(फोटो - टाइल्स के बीच धंंसे ट्रक के पहिए के नीचे ईंट लगाता ड्राइवर जसपाल सिंह। साथ हैं यूथ एसोसिएशन के सेक्रेटरी राजिंदर कुमार शर्मा।)