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ट्रांसपोर्टर बोले-बिना वजह कंपनी वाले बढ़ा रहे हैं फीस
10 रुपए बढ़ी अड्डा फीस तो बस स्टैंड में जानी बंद की प्राइवेट बसें, मैनेजर बोले-3 साल बाद बढ़ती है फीस
हालात
बस स्टैंड चला रही पंजाब इन्फ्रास्ट्रक्चर मैनेजमेंट कंपनी की ओर से अड्डा फीस में 10 रुपए का इजाफा करने के बाद ट्रांसपोर्टरों और कंपनी के बीच विवाद खड़ा हो गया है। 3 दिन से प्राइवेट ट्रांसपोर्टरों की ओर से बस स्टैंड में बसें ले जानी बंद कर दी गई हैं और वह बाहर से ही सवारियां उठा रहे हैं।
इससे नेशनल हाईवे से गुजरने वाले वाहनों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। हालात यह हैं कि ट्रैफिक पुलिस कर्मचारी भी बेहद परेशान हो रखे हैं और कोई भी उनकी बात सुनने को तैयार नहीं है। दूसरी और तो ट्रांसपोर्टरों की ओर से और ही कंपनी की ओर से मामला सुलझाने की पहल की जा रही है।
नेशनलहाईवे पर लगता है जाम: नगरनिगम की ओर से नेशनल हाईवे पर बस स्टैंड के सामने बसें खड़ी करने पर पाबंदी लगाई हुई है।
इस पाबंदी के बावजूद बस चालक बसें बाहर ही खड़ी करते हैं। आज तो हालात यह थे कि फिरोजपुर, मुक्तसर, अबोरहर, अमृतसर की ओर से जाने वाली बसों के चालकों ने बस स्टैंड में जाना ही बंद कर दिया और और ही अड्डा फीस की कटवा रहे हैं। बस का अगर टाइम नहीं तो वह बस को बस स्टैंड के बाहर ही सड़क पर खड़ी कर देते हैं और समय पर ही बस स्टैंड के सामने लेकर जाते हैं।
मामला मेरे ध्यान में है, दोनों पक्षों से कर रहे बात
^पिछले3 दिन से यह हालात पैदा हुए हैं। मामला मेरे ध्यान में है और हम दोनों पक्षें के साथ बात कर इसे सुलझाने का प्रयास कर रहे हैं। बीच का रास्ता तलाशने का प्रयास किया जा रहा है ताकि बसें बस स्टेंड में जाने लग जाएं। परमिंदरसिंह गिल, डिप्टी कमिश्नर
पहले सुविधा दे, तभी हमसे ले अड्डा फीस
^यहकंपनी बस स्टैंड में किसी को कोई सुविधा नहीं दे रही है। बल्कि परेशान किया जा रहा है, तो हम क्यूं इसे बढ़े हुए रेट दें। इसलिए ही फैसला किया गया है कि जब तक यह लोग बढ़ी हुई अड्डा फीस वापस नहीं लेते हम तब तक बसें बस स्टैंड में नहीं लेकर जाएंगे। नरोतमपुरी, अध्यक्ष ट्रांसपोर्टर यूनियन पंजाब।
यह सरकार की पाॅलिसी हम क्या हरें
^हमारापंजाब सरकार के साथ कांट्रेक्ट है। उसी हिसाब से हमने अड्डा फीस बढ़ाई है। हम बस स्टैंड की संभाल और उसमतें सुविधा देते हैं। 3 साल बाद यह रेट बढ़ाया गया है। इसे लागू करवाना प्रशासन की जिम्मेदारी है। चालक बस स्टैंड से बाहर ही बसें रोक रहे हैं तो इससे होने वाली परेशानी की जिम्मेदारी प्रशासन की है। राजिंदरसिंह, मैनेजर पंजाब इन्फ्रास्ट्रक्चर कंपनी, मोगा।
बस स्टैंड के बाहर नेशनल हाईवे पर खड़ी प्राईवेट कंपनी की बसें।