कई घंटे हिरासत में रहे कंप्यूटर टीचर्स
जिलापुलिस ने शनिवार को कंप्यूटर टीचरों को हिरासत में लेकर बाद में रिहा कर दिया। इस कार्रवाई के पीछे मुख्य मकसद 28 सितंबर को रोपड़ में होने वाली सरकार विरोधी रैली को फ्लॉप करना बताया जा रहा है। दूसरी तरफ पुलिस ने किसी की भी तरह की गिरफ्तारी को नकारा है।
चाटीविंड सरकारी स्कूल की कंप्यूटर टीचर सिमरजीत कौर के मुताबिक थाना गेट हकीमां पुलिस उन्हें शनिवार सुबह 5 बजे ही घर से ले गई, और कहा कि ऊपर से आदेश आने के बाद उन्हें छोड़ दिया जाएगा। इसी तरह नमक मंडी की रहने वाली और मानांवाला सरकारी स्कूल की टीचर रश्मि चड्डा को भी गेट हकीमां पुलिस सुबह 4 बजे थाने ले गई। दोनों के मुताबिक उन्हें बाद में रिहा कर दिया गया। गवर्नमेंट स्कूल लेक्चरर यूनियन के सूबा सलाहकार अमन शर्मा के मुताबिक टीचरों ने पहले 21 सितंबर को मोहाली में रैली की थी, इसके बाद अब उन्होंने 28 को रोपड़ में रोष जताने जाना था। यह टीचर पिकटेस सोसायटी के अधीन काम कर रहे हैं, जिन्हें पिछले 8 सालों से पक्का नहीं किया गया और ही वेतन बढ़ाया गया। राज्य भर में करीब 7300 टीचर सरकार की गलत नीतियों के खिलाफ संघर्ष कर रहे हैं लेकिन गुंडाराज के तहत टीचरों को अपने हक के लिए आवाज बुलंद करने से रोका जा रहा है। उन्होंने बताया कि सरकार के कहने पर शुक्रवार शाम को भी कई टीचर पुलिस ने हिरासत में लिए थे।
वेरिफिकेशन की, कि गिरफ्तार : एसएचओ
^दोनोंटीचरों से उनके घर पर ही पूछताछ की गई थी, वेरिफिकेशन के लिए आई लिस्ट में उनका नाम था। किसी को गिरफ्तार करके थाने नहीं ले जाया गया। -सुशीलकुमार, एसएचओ,थाना गेट हकीमां
लोहगढ़ इलाके में एक घर में कंप्यूटर टीचरों के साथ बात करता एक पुलिस अधिकारी। फोटो|संजय वालिया