- Hindi News
- बिना ऑडिट के कैसे कैलकुलेट होगा टैक्स, ब्याज लगना गलत
बिना ऑडिट के कैसे कैलकुलेट होगा टैक्स, ब्याज लगना गलत
सेंट्रलबोर्ड आफ डायरेक्ट टैक्सेस ने इनकम टैक्स ऑडिट केसों की रिटर्न ई-फाइलिंग की अंतिम तिथि 30 नवंबर तक बढ़ा दी है लेकिन करदाताओं को टैक्स 30 सितंबर तक ही जमा करवाना होगा और ऐसा ना करने पर उन्हें ब्याज अदा करना होगा। इनकम टैक्स माहिरों ने ब्याज लगने के फैसले को गलत बताया है। उनका कहना है कि प्रोफिट एंड लॉस और बैलेंस शीट ऑडिट होकर नहीं आएगी तो टैक्स कैसे कैलकुलेट हो पाएगा।
सीए विनम्र गुप्ता के अनुसार सीबीडीटी ने ट्रस्ट केसों की ऑडिट डेट नहीं बढ़ाई है। वहीं जिन कंपनियों की टर्नओवर 1 करोड़ से नीचे हैं, उनका भी जिक्र नहीं किया। सेक्शन 80 आईबी, 80 आईसी, 10-ए, 10बी और 10-बीए जिनमें निर्धारित समय पर रिटर्न भरने से ही बेनीफिट मिलता है, उनकी डेट भी नहीं बढ़ाई गई।