पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर
डाउनलोड करेंमोगा. जिला सेशन जज कर्मजीत सिंह ने बुधवार को पूर्व विधायक और पूर्व डीजीपी परमदीप सिंह गिल के पिता नच्छतर सिंह के कत्ल के आरोपी एनआरआई को सबूतों और गवाहों के अभाव के चलते बरी कर दिया। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट आरोपी के तीन अन्य पारिवारिक सदस्यों को पहले ही बरी और दो अन्य को भगोड़ा करार दे चुकी है।
गिल की 29 सितंबर 1991 को उनके निवास पर गोलियां मारकर हत्या कर दी गई थी। थाना सिटी-1 पुलिस ने तफ्तीश के दौरान चमकौर सिंह कौरी और गुरजीत सिंह का नाम इस मामले में शामिल किया था। लेकिन कुछ समय बाद पुलिस ने विधायक के पारिवारिक सदस्यों द्वारा लगाए आरोपों के आधार पर एनआरआई जगदेव सिंह, उसकी मां प्रीतम कौर, बहन परमजीत कौर और भाई हरदेव सिंह के साथ-साथ गुरतेज सिंह का नाम भी शामिल कर लिया था।
इसके खिलाफ उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में अपील की थी। सुप्रीम कोर्ट ने 10 दिसंबर 1998 को प्रीतम कौर, हरदेव सिंह और परमजीत कौर को बरी कर दिया था। इसके बाद 6 फरवरी 2009 को जब जगदेव सिंह भारत लौटा और उसने अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया। अदालत ने 6 अप्रैल 2009 को उसकी जमानत मंजूर कर ली और उसे कैनेडा जाने की आज्ञा दे दी। अब जिला सेशन जज कर्मजीत सिंह ने जगदेव सिंह को बरी कर दिया है।
Copyright © 2021-22 DB Corp ltd., All Rights Reserved
This website follows the DNPA Code of Ethics.