बठिंडा | 6 सितंबर 2012 में एनकाउंटर में मारे गए गैंगस्टर गुरशहीद सिंह उर्फ शेरा की महिला साथी को कोर्ट ने चार साल कैद की सजा सुनाई है। मलोट के शेरा पर हत्या, डकैती, लूटपाट, फिरौती व रॉबरी के 13 केस दर्ज थे। पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, राजस्थान पुलिस को उसकी तलाश थी। एनकाउंटर के समय महिला नमदीप कौर उसके साथ थी। उस पर आरोप था, उसने शेरा को पुलिस पर गोलियां चलाने के लिए उकसाया था।
पुलिस ने 6 सितंबर की शाम करीब 7 बजे बीबी वाला रोड पर कमला नेहरू कॉलोनी के पास फॉरच्यून गाड़ी में सवार शेरा को रुकने का इशारा किया था। कार में मौजूद नमदीप ने शेरा को उकसाया था कि उन्हें पुलिस के हाथ नहीं लगना है वो पुलिस पार्टी पर गोली चलाकर गाड़ी को वहां से भगा ले जाए। शेरा ने मौके पर मौजूद पुलिस पार्टी पर फायरिंग कर दी थी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी उन पर गोली चला दी थी। मुठभेड़ में शेरा गंभीर जख्मी हो गया था। जिसकी बाद मेंं मौत हो गई थी। नमदीप पुलिस को चकमा देकर भाग गई थी। पुलिस ने शेरा से पिस्तौल व 4 कारतूस बरामद किए थे। पुलिस ने बाद में नमदीप को गिरफ्तार कर लिया था, जिसे बाद में जमानत मिल गई थी।