बठिंडा। चिटफंड कंपनी बना कर लोगों के लाखों रुपए हड़पने के मामले में थाना कैनाल कालोनी पुलिस ने 15 सितंबर को लाइव इंडिया ट्रेडिंग कंपनी के ब्रांड एंबेसडर और गायक गिप्पी ग्रेवाल को परवाना नोट करवाया था। मगर गिप्पी अभी तक पुलिस के सामने पेश नहीं हुए हैं। थाना कैनाल कालोनी पुलिस ने अभी इस केस में गिप्पी ग्रेवाल को किसी भी प्रकार की क्लीन चिट नहीं दी है।
इस बात की पुष्टि थाना कैनाल कालोनी प्रभारी ने की। उन्होंने बताया कि पुलिस केस की हर पहलू से जांच कर रही है। जांच में सभी को शामिल किया जाएगा। इस बाबत सभी को पुलिस की तरफ से जांच में शामिल होने को कहा है।
4 सितंबर को लक्की ने दी थी लिखित शिकायत : लक्कीवासी अमरपुरा बस्ती ने बताया कि उसने बठिंडा एसएसपी को चार सितंबर को लिखित शिकायत दी थी। उन्होंने लाइव ट्रेडिंग इंडिया पर पांच लाख ठगने का आरोप लगाया है। लक्की वासी अमरपुरा बस्ती ने बताया कि 17 अक्टूबर 2013 को लाइव ट्रेडिंग इंडिया के ब्रांच मैनेजर अमनदीप सिंह,जगजीत सिंह,बबलू,अशोक कुमार,चमकौर सिंह,भूपिंदर गुप्ता श्री कांत उसके घर आए लाइव इंडिया ट्रेडिंग कंपनी के बारे में बताया कि गायक गिप्पी ग्रेवाल भी उनके जुड़े हैं।
लक्की के अनुसार उन्होंने बताया कि एक लाख रुपए से शुरू होने वाले बिजनेस में वह उन्हें 10 फीसदी ब्याज(इएमआई) हर महीने उसे मिला करेगा। उसे कंपनी ने भरोसा दिलवाया कि उसे 12 महीने ब्याज मिलेगा फिर 12 महीने के बाद उसे एक लाख रुपए वापस कर दिए जाएंगें। लक्की ने बताया कि 18 अक्टूबर 2013 को उन्होंने एक लाख रुपए दे दिए। उन्होंने कंपनी के पास अपनी बहन लवजोत रानी से एक लाख रुपए लेकर इनवेस्ट कर दिए। कजिन जसवंत सिंह के नाम पर भी कंपनी में तीन लाख रुपए दे दिए। लक्की ने कहा कि अमनदीप ने जसवंत सिंह के नाम पर जमा तीन लाख के सिक्यूरिटी चेक उसे नहीं दिए। कंपनी के तरफ से ईएमआई आखिरी बार 3 जून 2014 को उसे मिली ।
एक हजार रुपए में करवाई थी गाड़ी, पुलिस अनदीप सिंह के भाई को लाई थी अपने साथ : लक्कीने बताया कि उसकी शिकायत पर 6 सितंबर को थाना कैनाल कालोनी पुलिस अमनदीप सिंह की तलाश में भुच्चो मंडी गई थी। उसने पुलिस के लिए एक गाड़ी भी करवाई थी। जिसका किराया एक हजार रुपए भी उसने दिया था। लक्की के अनुसार उस दिन अमनदीप सिंह वहां नहीं मिला तो पुलिस उसके भाई बबलू जो की कंपनी का एकाउंट का काम देखता था को अपने साथ बठिंडा पूछताछ के लिए ले आई थी। उसे उसी दिन शाम को एक सरपंच के कहने पर छोड़ दिया गया। सात सितंबर को थाना कैनाल कालोनी के समक्ष अशोक कुमार,चमकौर सिंह,अमनदीप सिंह बबलू पेश हुए थे। पुलिस ने इस दौरान अमनदीप सिंह को कंपनी का पूरा रिकार्ड देने की बात कही थी। लक्की ने बताया कि अमनदीप ने 2 करोड़ 98 लाख का हिसाब पुलिस को दिया।
बैंक में लगाए कंपनी के दो चेक : लक्कीने बताया कि कंपनी की तरफ से दिए गए दो चेक जिन पर अमाउंट 8967 था, मंगलवार को ओबीसी बैंक की ब्रांच में लगा दिए। मगर चेक बाउंस हो रहे हैं। उसकी तरफ से लगाया गया चेक भी बाउंस होगा। लक्की ने बताया कि कंपनी के बठिंडा ब्रांच मैनेजर अशोक कुमार से पुलिस ने कोई रिकार्ड नहीं मांगा है उससे पूछताछ होना बेहद जरुरी है।
एमडी ने लक्की को मिलवाया था गिप्पी से : लक्की ने कंपनी के जो ब्रोशर पर गिप्पी ग्रेवाल की फोटो छपी है उसके साइन भी हैं। लक्की ने बताया कि उसे कंपनी ने बताया कि गिप्पी कंपनी का ब्रांड एंबेसडर है। वह तीन जनवरी को गिप्पी के दफ्तर में उससे मिला था। इस दौरान कंपनी की एमडी भूपिंदर गुप्ता अमनदीप सिंह भी उसके साथ थे। उन्होंने ही उसे गिप्पी से मिलवाया था।
शहर के रहने वाले पीडि़त लक्की ने मंगलवार को भास्कर दफ्तर में पहुंचकर लाइव ट्रेडिंग इंडिया कंपनी के वे ब्रोशर दिखाए जिन पर गिप्पली ग्रेवाल के सिग्नेचर और फोटो है। पीिड़त का कहना है कि गिप्पी ने कहा था कि पैसे नहीं डूबेंगे।
''लक्की की तरफ से दी गई शिकायत की जांच चल रही है। हम केस की हर पहलू से जांच कर रहे हैं। पुलिस ने अभी इस केस में किसी को भी क्लीन चिट नहीं दी है। गिप्पी ग्रेवाल से पूछताछ होनी बाकी है। उसे पुलिस की तरफ से क्लीन चिट नहीं दी गई है।'' इंस्पेक्टर गुरप्रीत सिंह, एसएचओ,थाना कैनाल कालोनी।
15 सितंबर को पुलिस करवा चुकी है गिप्पी को परवाना नोट : थाना कैनाल के एसएचओ ने कहा-गिप्पी से अभी होनी है पूछताछ, पीड़ितों ने भास्कर दफ्तर में पहुंच सुनाई आप-बीती ।