- Hindi News
- पुलिस सबूत, रिटा. एजुकेशन अफसर जुटा रहे रिकॉर्ड
पुलिस सबूत, रिटा. एजुकेशन अफसर जुटा रहे रिकॉर्ड
स्पोर्ट्सफंड के घोटाले में नामजद जिला शिक्षा अधिकारियों की गिरफ्तारी से पहले पुलिस सबूत जुटाने में जुट गई है। क्योंकि शिक्षा विभाग से मिले दस्तावेजों में भी कुछेक रिकार्ड अधूरा है। रिटायरी का समय 1995 से 2011 तक का रिकार्ड केवल जिला शिक्षा अधिकारी के पास से ही मिल सकता है। रिकार्ड के बिना वह अपनी लीगल कार्रवाई भी शुरू नहीं कर पा रहे हैं। दूसरी तरफ रिटायर्ड जिला शिक्षा अधिकारी दिन भर मीटिंगें कर अपने पक्ष में कानूनी राय लेकर अपने कार्यकाल के रिकॉर्ड संबंधी राफ्ता कायम करते दफ्तर में घूमते रहे। घोटाले की खबर दफ्तरी स्टाफ की चर्चाओं में रही। जिला शिक्षा अधिकारी हरिंदरपाल सिंह का कहना है, रिकॉर्ड पड़ा है। चेक करेंगे।
15 डीईओ, एईओ, एक क्लर्क, अन्य कर्मचारी है
थाना-2की पुलिस ने 17 नामजद किए हैं। इनमें 16 नहीं 15 शिक्षा अधिकार सहित सहायक शिक्षा अधिकारी स्पोर्ट्स (एईओ) है, जबकि एक क्लर्क और एक अन्य कर्मचारी शामिल है। डीईओ दफ्तर का रिकार्ड भी यही बोलता है। एफआईआर में क्लर्क और अन्य कर्मचारी को बतौर शिक्षा अधिकारी ही नामजद किया है। इसमें महिंदर सिंह क्लर्क बताए जाते हैं, जबकि सुरिंदरजीत सिंह का पद अभी पता नहीं चल पाया है।
डिपार्टमेंट के पास भी नहीं पूरा रिकार्ड, हो रही लीगल काउंसलिंग
दोष साबित होने पर ऐसा भी हो सकता है : शिक्षाविदबताते हैं कि यदि घोटाले के दोष साबित हो जाते हैं तो डिपार्टमेंट के पास अधिकार होते हैं कि वह रिटायरमेंट के बाद कर्मचारी को मिलने वाली पैंशन को काट वसूली कर सकती है।
यह है रिटायरी शिक्षा अधिकारी
जगजीतसिंह 30-03-1995 से 22-03-1996
ऊषा खड़ोत्रा 22-03-1995 से 30-07-1997
बलवंत सिंह 16-08-1997 से 3-08-1998
एलआर लाखा 4-08-1998 से 2-01-1999
हरि सिंह 2-01-1999 से 22-05-2000
संतोख सिंह 23-05-2000 से 8-10-2000
गुरमुख सिंह 9-10-2000 से 3-04-2001
हरजीत कौर गिल 1-5-2001 से 12-11-2001
अवतार सिंह 12-11-2001 से 1-07-2002
आरआर बद्धण 2-07-2002 से 30-6-2005
हरिंदरपाल साहनी कार्यकारी 15-07-2005 से 18-11-2005
दलबीर सिंह सैनी 18-11-2005 से 26-04-2007
हरिंदरपाल साहनी 26-4-2007 से 31-12-2008
जोगिंदर दास मकसूदपुरी 4-02-2009 से 15-04-2011
अमृत सिंह (एलिमेंटरी) 11-11-2000 से 1-07-2002