लुधियाना। सुविधा सेंटर में चल रही 59 सरकारी सर्विसेज के फार्म फ्री करने का मामला कमाई के चक्कर में अफसरों ने ही लटकाया। चीफ सेक्रेटरी सर्वेश कौशल का ऑर्डर मिलने के बावजूद पूर्व एडीसी (डेवलपमेंट) ने फार्म फ्री नहीं करने दिए। उलटा सुविधा सेंटर को ऑर्डर दिए कि जब तक पुराने फार्मों का स्टॉक क्लियर नहीं होता, तब तक बिक्री जारी रखें। यही नहीं, नए फार्म भी नहीं छपवाने हैं।
पब्लिक अगर किसी सर्विस के लिए अप्लाई करने आए तो उसे पंजाब सरकार की ऑफिशियल वेबसाइट www.punjabgovt.gov.in से फार्म डाउनलोड करके लाने को कहें। इसके बाद फाइल सुविधा सेंटर की इंचार्ज असिस्टेंट कमिश्नर कनु थिंद को भेजी गई। उन्होंने यह ऑर्डर लागू करने के लिए सुविधा सेंटर एडमिनिस्ट्रेटर को भेज दिए गए। वहीं, इस बारे में अभी तक नए डिप्टी कमिश्नर रवि भगत से कोई अप्रूवल नहीं ली गई और सुविधा सेंटर में फ्री किए फार्मों की वसूली लगातार जारी है।
फोन उठाया मैसेज का दिया जवाब
इस बारे में जब सुविधा इंचार्ज असिस्टेंट कमिश्नर कनु थिंद को कॉल की गई तो उन्होंने फोन नहीं उठाया। इस बारे में मैसेज भेजने के बावजूद भी उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।
एजेंटों से लुटने के साथ धक्के खाएगी पब्लिक
पंजाबगवर्नमेंट ने पब्लिक के फायदे के लिए नोटिफिकेशन किया सुविधा सेंटर अपने खर्चे पर फॅार्म छपवाकर बांटने को कहा लेकिन सुविधा सेंटर ने खर्चा होने के डर से नए फार्म छपवाने के ऑर्डर रोक दिए हैं। फार्मों का मौजूदा स्टॉक क्लियर होने के बाद लोगों को सुविधा से फार्म नहीं मिलेंगे। सुविधा सेंटर और अफसरों की इस जिद का फायदा एजेंटों को मिलेगा। अधिकांश लोग ऑनलाइन फार्म डाउनलोड नहीं कर सकेंगे तो मजबूरी में उन्हें एजेंट के पास जाना पड़ेगा। पहले फार्म भरने के पैसे लेने वाले अब फार्म के बदले भी मोटी राशि वसूलेंगे। इस वजह से पब्लिक को धक्के खाने के साथ अफसरों के इस फैसले की वजह से मजबूरीवश एजेंटों के हाथों लुटना भी पड़ेगा।
मैंने चीफ सेक्रेटरी की लेटर एग्जामिन कर ली है। मैंने एडीसी को पूरे इश्यूज की स्टडी के लिए कहा है। वीरवार शाम तक रिपोर्ट जाएगी। पब्लिक के फायदे के हिसाब से ही फैसला लेंगे। रविभगत, डिप्टी कमिश्नर
{अफसरों ने ही लटकाया सुविधा के फॉर्म फ्री करने का मामला {सुविधा सेंटर को फ्री बांटने के लिए फॉर्म छपवाने के ऑर्डर, पब्लिक खुद लेकर आए