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सीएलयू सर्टिफिकेट देने को निगम मांग रहा ईडीसी फीस

7 वर्ष पहले
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मोहित बहल|लुधियाना behlmohit@gmail.com

नगरनिगम ने तीन महीने से भी ज्यादा समय बीत जाने के बावजूद कारोबारियों को सीएलयू सर्टिफिकेट नहीं जारी किए हैं। उल्टा नया पेंच फंसा दिया है। निगम ने इन कारोबारियों से अब 114 रुपये प्रति गज के हिसाब से एक्सटर्नल डेवलपमेंट चार्ज (ईडीसी) मांगना शुरू कर दिया है। इसमें कंस्ट्रक्शन चार्ज डाल कर कारोबारियों को यह फीस 250 रुपये प्रति गज पड़ती है। यह खुलासा तब हुआ जब जनता नगर के कुछ कारोबारी सितंबर महीने में अप्लाई किए अपने सीएलयू सर्टिफिकेट निगम के जोन सी से लेने गए तो उनसे ईडीसी चार्जेज मांगे गए। वहीं, यह सारा मसला डीसी रजत अग्रवाल तक भी पहुंच गया है।

सोमवार को जनता नगर स्मॉल स्केल मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन के प्रधान जसविंदर ठुकराल ने डीसी के साथ हुई मुलाकात में मुद्दा उनके सामने उठाया। इस पर डीसी ने उन्हें निगम कमिश्नर से मिलने की सलाह दी और यह भी आश्वासन दिया कि अगर उनसे यह मसला हल नहीं होगा तो वे सरकार तक इसे पहुंचाएंगे।

^सीएलयू चार्जेस माफ होने के बावजूद निगम ने सीएलयू सर्टिफिकेट जारी करने के लिए हमसे ईडीसी मांगना शुरू कर दिया। जब हमारे इलाकों में डेवलपमेंट हो चुकी है फिर कैसा ईडीसी। सैकड़ों की तादाद में जनता नगर और आसपास के इलाकों के कारोबारियों ने सीएलयू सर्टिफिकेट अप्लाई किए हुए हैं। जिन्हें बिना फीस इशू करने में अफसर आनाकानी कर रहे हैं। ईडीसी तो बहाना है अफसर तो बस कारोबारियों को प्रताड़ित करना चाहते हैं। -जसविंदरठुकराल, प्रधान,जनता नगर स्माल स्केल मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन

लुधियाना के जनता नगर, प्रताप नगर, शिमलापुरी, दशमेश नगर जैसे मिक्स लैंड वाले इलाके जहां इंडस्ट्री होने के साथ-साथ रिहाइशी आबादी भी है। यहां पर नई इंडस्ट्री शुरू करने और बिजली के नए कनेक्शन लेने के लिए चेंज ऑफ लैंड यूज (सीएलयू) सर्टिफिकेट लेना जरूरी है। वहीं, मौजूदा इंडस्ट्री को भी अपने कनेक्शन का लोड बढ़वाने के लिए भी सीएलयू सर्टिफिकेट लेना जरूरी है। उसके बाद ही पावरकॉम उनकी अर्जी लेता है। पहले सीएलयू की फीस कलेक्ट्रेट रेट का 5 फीसदी थी यानी अगर एक जगह की रजिस्ट्री वैल्यू 50 लाख है तो उसे सीएलयू सर्टिफिकेट लेने के लिए 2.5 लाख रुपये फीस देनी पड़ती थी पर सितंबर के महीने में पंजाब सरकार ने एक नोटिफिकेशन जारी करके सीएलयू सर्टिफिकेट पर से फीस पूरी तरह हटा ली थी