लुधियाना. यहां लाडोवाल के पास सतलुज दरिया में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की अस्थियां 1948 में 12 फरवरी को विसर्जित कर वहीं स्मारक बनाया गया था, जहां वीरवार को श्रद्धांजलि सभा रखी गई। इस मौके पर बुजुर्ग गांधीवादियों ने स्कूली बच्चों के साथ बापू को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए फिरकापरस्त ताकतों के खिलाफ वैचारिक आंदोलन तेज करने का संकल्प लिया। गांधी धाम स्मारक पर यह सादा समारोह महात्मा गांधी पीस मिशन के प्रमुख सूबे के पूर्व मंत्री जीएस अटवाल की अगुवाई में कराया गया।
अटवाल ने इस पवित्र स्थल को ऐतिहासिक धरोहर के तौर पर डेवलप करने की मांग केंद्र राज्य सरकारों से की। इस मौके पर पंजाब खादी मंडल के सदस्यों के अलावा महाराष्ट्र में सर्वग्राम से सर्व सेवा संघ से आए महादेव विद्रोही की खास मौजूदगी रही।